बांदा। पंचायत चुनाव के चौथे व अंतिम चरण के मतदान
में बबेरू और कमासिन ब्लाक के 26 अति संवेदनशील प्लस मतदान केंद्रों में
सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए जा रहे हैं। यहां एक-एक सब इंस्पेक्टर के साथ
पुलिस बल मौजूद रहेगा। मतदान की वीडियोग्राफी भी कराई जाएगी। अति संवेदनशील
केंद्रों में भी सेक्टर मजिस्ट्रेट नजर रखेंगे।
डीडीसी और बीडीसी
चुनाव के अंतिम चरण में बबेरू ब्लाक के 61 और कमासिन ब्लाक के 55 ग्राम
पंचायतों में वोट पड़ेंगे। बबेरू ब्लाक के अधिकांश गांव राजनैतिक
संवेदनशीलता और कमासिन ब्लाक के कई गांवों में जातीय संवेदनशीलता के चलते
अति संवेदनशील प्लस श्रेणी में रखे गए हैं।
बबेरू ब्लाक में 14
मतदान केंद्र अति संवेदनशील प्लस श्रेणी में चिह्नित किए गए हैं। इनमें
प्राथमिक पाठशाला बैरफ (मरका), भभुवा, पिंडारन, पारा बन्नू बेगम, पंचायत
भवन हरदौली, संकुल भवन हरदौली, कन्या पूर्व माध्यमिक विद्यालय हरदौली,
प्राथमिक पाठशाला पतवन, जूनियर हाईस्कूल औगासी व जलालपुर, प्राथमिक पाठशाला
टोला काजी, जय भारत उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मुरवल, प्राथमिक पाठशाला
रमपुरवा (मुरवल) व प्राथमिक पाठशाला भाग-1 मुरवल शामिल हैं।
उप
जिला निर्वाचन अधिकारी डीएस पांडेय ने बताया कि इन केंद्रों में मतदान की
वीडियोग्राफी कराई जाएगी। इसके अलावा 61 मतदन केंद्र अति संवेदनशील श्रेणी
में रखे गए हैं।
उधर, कमासिन ब्लाक में चिह्नित किए गए अति
संवेदनशील प्लस केंद्रों में प्राथमिक पाठशाला व जूनियर हाईस्कूल लोहरा,
प्राथमिक व जूनियर हाईस्कूल मऊ, कन्या प्राथमिक पाठशाला मऊ, प्राथमिक व
जूनियर हाईस्कूल इंगुवा, विनोबा इंटर कालेज कमासिन, जूनियर हाईस्कूल
परसौली, प्राथमिक पाठशाला तरायां व प्राथमिक पाठशाला बछौंधा सानी मतदान
केंद्र शामिल हैं।
यहां जातीय गुटबंदी के चलते सुरक्षा की विशेष
व्यवस्था रहेगी। सेक्टर मजिस्ट्रेट इन केंद्रों की गतिविधियों की लगातार
जानकारी जोनल मजिस्ट्रेट को देंगे। इसके अलावा ब्लाक में 54 मतदान केंद्र
संवेदनशील श्रेणी में चिह्नित किए गए हैं।
चौथे चरण के मतदान के
लिए बबेरू ब्लाक को तीन जोन व 11 सेक्टरों में बांटा गया है। यहां तीन सुपर
जोनल, तीन जोनल और 11 सेक्टर मजिस्ट्रेट नियुक्त किए गए हैं।
उधर,
कमासिन ब्लाक में ग्राम पंचायतों की संख्या कम होने के बावजूद यमुना
तटवर्ती तिरहार इलाका होने से यहां सेक्टरों की संख्या बढ़ाकर 13 की गई है।
मथतदान के दिन दो सुपर जोनल, दो जोनल और 13 सेक्टर मजिस्ट्रेट पूरे समय
मतदान केंद्रों की निगरानी के साथ जिला मुख्यालय को सूचना उपलब्ध कराएंगे।