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कूड़े के ढेर में मिले समाजवादी पेंशन के 101 फार्म

Sun, 22 May 2016 12:13 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, बांदा
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बांदा शहर में कोतवाली के पास कूड़े के ढेर में पड़े समाजवादी पेंशन योजना के फार्म। - फोटो : अमर उजाला
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बांदा। मुख्यमंत्री के ‘ड्रीम प्रोजेक्ट’ समाजवादी पेंशन योजना के प्रति अधिकारियों की लापरवाही की पोल खुल गई। सौ से अधिक भरे हुए आवेदन पत्र कूड़े के ढेर में पाए गए। गरीब महिला-पुरुष आवेदकों ने भाग दौड़ और पैसा खर्च कर नगर पालिका में जमा किए थे। डीएम ने इस मामले में नगर पालिका अधिशासी अधिकारी को जांच के आदेश दिए हैं।
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मुख्यमंत्री अखिलेश यादव समाजवादी पेंशन के लिए जोरशोर से प्रचार कर रहे हैं। यह उनकी प्राथमिकता वाली योजनाओं में शामिल है, लेकिन उन्हीं के मातहत अफसर इस योजना को कितना महत्व दे रहे हैं, इसकी बानगी यहां शनिवार को मंडल मुख्यालय में सामने आई।

शहर कोतवाली के पास कूड़े के ढेर में बड़ी संख्या में समाजवादी पेंशन योजना के भरे हुए आवेदन पत्र पड़े थे। इनमें आवेदकों की फोटो भी चस्पा थी। व्यापारी और सपा नेता अमित सेठ भोलू तथा लक्ष्मी प्रसाद सोनकर वहां से गुजरे से उनकी नजर इन फार्मों पर पड़ गई। उन्होंने फार्म बटोर लिए। इनकी संख्या 101 थी। सभी फार्म वार्ड-24 (खुटला, छोटी बाजार) आदि के हैं।
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फार्मों में लिखे गए आवेदकों के मोबाइल नंबर पर संपर्क किया गया तो आवेदक मंजू सोनी पत्नी सूरज (छोटी बाजार), चमेली पत्नी नत्थू सिंह (खुटला), पूनम पत्नी उमाकांत (जोशी मोहाल) ने बताया कि उन्होंने भरे हुए फार्म औपचारिकता पूरी करने के बाद लगभग 15 दिन पहले नगर पालिका कार्यालय में जमा किए थे। उन्हें इसकी रसीद भी मिली थी। रसीद उनके पास सुरक्षित है।

इनके अलावा कूड़े में पाए आवेदनों में सियादुलारी पत्नी रणधीर सविता, सपना देवी पत्नी दिनेश, गुलीम बानो पत्नी सलीम, रामरती पत्नी सतानंदन सोनी, आशा पत्नी प्रेम कुमार, रामश्री पत्नी सुशील, निशा पत्नी राजेंद्र आदि के फार्म भी शामिल थे। सभी खुटला और छोटी बाजार की रहने वाली गरीब महिलाएं हैं।

उधर, फेंके गए इन फार्र्मों को समेट कर व्यापारी नेताओं ने डीएम के आवास पर जाकर सौंप दिया। डीएम के विशेष कार्याधिकारी (ओएसडी) मुहीब अहमद ने बताया कि डीएम ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए नगर पालिका ईओ को जांच के आदेश दिए हैं। उधर, व्यापारी नेताओं ने सिटी मजिस्ट्रेट आरके श्रीवास्तव को भी जानकारी दी। सिटी मजिस्ट्रेट ने भी ईओ को बुलाकर नाराजगी जताई और दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई करके उन्हें अवगत कराने को कहा।
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