धर्मांतरण के बाद युवती से दुष्कर्म के मामले में पुलिस ने एक स्थानीय युवक को लखनऊ से गिरफ्तार किया है। आरोप है कि 23 अप्रैल को युवक शादी का झांसा देकर युवती को लखनऊ ले गया। वहां पहले उसका धर्मांतरण कर नाम बदल दिया।
इसी क्रम में 24 अप्रैल को पुलिस टीम ने लखनऊ से पीड़िता को सकुशल खोज लिया। पूछताछ और साक्ष्यों के आधार पर आरोपी की पहचान मोहल्ला रफीनगर निवासी अलीरजा उर्फ अल्ताफ के रूप में हुई।
जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर मामले में अवैध धर्मांतरण कराने की भी पुष्टि हुई। इसके साथ ही दुष्कर्म की बात भी सामने आई। प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि युवक की गिरफ्तारी के बाद जब पूछताछ की गई तो सामने आया कि वह शादी का झांसा देकर युवती को साथ ले गया था।
उसने युवती का धर्मांतरण कराने के बाद उसका नाम भी बदल दिया था। यही नहीं, आरोपी ने शादी भी नहीं की और युवती से दुष्कर्म किया। अब पूर्व में दर्ज एफआईआर में नई धारा बढ़ाई गई है। सीओ राघवेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि प्रकरण में अन्य पहलुओं की भी गहन जांच की जा रही है।
पीड़िता का चिकित्सीय परीक्षण और बयान दर्ज कराने की प्रक्रिया भी पूरी की जा रही है। शनिवार को आरोपी न्यायालय में पेश किया गया, जहां से जेल भेज दिया गया है। बताया कि मामले में यदि अन्य किसी व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है तो उस पर भी कार्रवाई की जाएगी।
लखनऊ के कैसरबाग बस अड्डे से पकड़ा गया अलीरजा उर्फ अल्ताफ आजमगढ़ जाने की फिराक में था। पुलिस सूत्रों के अनुसार, वहां उसके परिचित रहते हैं। ऐसे में वह धर्मांतरण के बाद युवती को वहीं ले जा रहा था। अब पुलिस की एक टीम आजमगढ़ भेजी गई है, ताकि इस मामले में संलिप्त अन्य लोगों का भी पता लगाया जा सके।
इस घटना के सामने आने के बाद क्षेत्र में चर्चा का माहौल गर्म है। स्थानीय लोग मामले में कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं, जबकि पुलिस का कहना है कि कानून के अनुसार दोषियों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे।