बलरामपुर। नाबालिग बच्चे का अपहरण करने के मामले में एफटीसी प्रथम ने दो लोगों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। आरोपियों को 10-10 हजार रुपये अर्थदंड अदा करने का आदेश भी दिया गया है।
थाना गौरा चौराहा के ग्राम जैतापुर निवासी जावेद हसन ने 27 मार्च 2016 को स्थानीय थाने में तहरीर देकर आरोप लगाया कि उनका 12 वर्षीय बेटा माज अहमद शाम करीब सवा सात बजे घर से क्लीनिक की ओर जा रहा था। रास्ते में बाइक सवार दो व्यक्ति जबरदस्ती उसे बाइक पर बैठाकर चले गए। लड़के ने शोर मचाया तो मदद के लिए वहां पर मौजूद ओम प्रकाश तिवारी, पप्पू, डॉ. जफरुल्ला आदि ने देखा और पकड़ने के लिए दौड़ाया। इन लोगों ने मौके पर अभियुक्तों को पहचान लिया।
तहरीर के आधार पर थाना गौरा के ग्राम इटवा निवासी अख्तार, मंगल यादव व रईस के खिलाफ मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने बच्चे को बरामद करने के बाद तीनों अभियुक्तों के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। मामले की सुनवाई के दौरान ही रईस की मृत्यु हो गई। पत्रावली के अवलोकन व साक्ष्यों के आधार पर एफटीसी प्रथम अमित वर्मा ने अपरहण करने का दोषी मानते हुए अख्तार व मंगल यादव को आजीवन कारावास व 10-10 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है।