बलरामपुर के बाबा नंगूदास कुटी के पास विचरण करते चीतल।-स्रोत: ग्रामीण
हरैया सतघरवा (बलरामपुर)। सोहेलवा वन्यजीव प्रभाग के बरहवा रेंज में लौकी चौकी के पास धौबैनिया पहाड़ी नाले के पश्चिमी तट पर स्थित बाबा नंगूदास कुटी के पास बुधवार शाम को दो चीतल प्यास बुझाकर वापस जंगल के तरफ जाते हुए दिखाई दिए। दोनों चीतल पानी की तलाश में रिहायशी इलाके में आ गए थे।
गर्मी शुरू होते ही सूरज के तेवर तल्ख हो गए हैं। इसका असर वन्यजीवों पर भी असर देखने को मिल रहा है। तेंदुआ, चीतल, भालू, वनरोज (नीलगाय), सांभर आदि पानी की तलाश में जंगल से निकल कर रिहायशी इलाकों में आ जाते हैं। इनमें से चीतल अक्सर कुत्तों का शिकार बन जाते हैं। इस संबंध में उप प्रभागीय वनाधिकारी एमबी सिंह ने बताया कि जंगल के अंदर वाटरहोल व तटबंध में पानी है। फिर भी अगर जंगल से बाहर चीतल निकल जाते हैं तो वन विभाग की टीम उन्हें सुरक्षित स्थान पर पहुंचा देती है। (संवाद)