बलरामपुर। भाई-बहन के प्रेम और विश्वास का पर्व रक्षाबंधन शुक्रवार को जिलेभर में हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। बहनों ने भाइयों की आरती उतारकर उनकी कलाई पर राखी बांधी और सुख-समृद्धि की कामना की। भाइयों ने बहनों को उपहार देकर हर सुख-दुख में साथ खड़े रहने का संकल्प लिया।
सुबह से ही घरों में रक्षाबंधन की तैयारियां शुरू हो गई थीं। बहनों ने पूजा की थाली सजाई और शुभ मुहूर्त में भाइयों को राखी बांधी। दूसरे शहरों और गांवों में रहने वाली बहनें पर्व मनाने मायके पहुंचीं। कई भाई भी बहनों के घर पहुंचे और राखी बंधवाई।
पर्व को लेकर बाजारों में भी खूब चहल-पहल रही। राखी, मिठाई और उपहार की दुकानों पर सुबह से खरीदारों की भीड़ जुटी रही। रंग-बिरंगी राखियों के साथ बच्चों के लिए कार्टून और खिलौनों वाली राखियां भी आकर्षण का केंद्र रहीं। बाहर से आने-जाने वाले लोगों के कारण बस अड्डों और प्रमुख मार्गों पर भी सामान्य दिनों की अपेक्षा अधिक भीड़ रही। रोडवेज बसों से करीब पांच हजार महिलाओं ने मुफ्त यात्रा की।
एसएसबी जवानों को छात्राओं ने बांधी राखी
बसंत लाल स्मारक इंटर कॉलेज बालापुर जरवा की छात्राओं ने कोयलाबास चौकी पर तैनात एसएसबी की नौवीं वाहिनी के जवानों को राखी बांधी। छात्राओं ने जवानों के सीमा और देश की रक्षा में योगदान को सलाम करते हुए उन्हें रक्षा सूत्र बांधा। इसके बाद चौकी प्रभारी अनंता मैक्स और जवानों ने छात्राओं को सीमा क्षेत्र का भ्रमण कराया। उन्हें नो-मैंस लैंड, सीमा व्यवस्था और एसएसबी की कार्यप्रणाली की जानकारी दी गई। छात्राओं को जवानों के हथियार भी दिखाए गए। इस दौरान अध्यापक आरती, पूजा, शब्बीर और वैभव मौजूद रहे।
जेल में 275 महिलाओं ने भाइयों को बांधी राखी
जिला कारागार में 275 महिलाओं ने पहुंचकर अपने भाइयों को राखी बांधी। जेलर विजय राय ने बताया कि रक्षाबंधन पर बंदियों से मुलाकात के लिए बेहतर व्यवस्था की गई थी। महिलाओं के अलावा कुल 437 लोगों ने बंदियों से मुलाकात की।
फोटो-17-दिल्ली में राष्ट्रपति से मुलाकात करती छात्राएं ।-स्रोत : स्कूल
फोटो-17-दिल्ली में राष्ट्रपति से मुलाकात करती छात्राएं ।-स्रोत : स्कूल
फोटो-17-दिल्ली में राष्ट्रपति से मुलाकात करती छात्राएं ।-स्रोत : स्कूल