बलरामपुर। नगर पंचायत पचपेड़वा क्षेत्र में आधारभूत सुविधाओं को मजबूत करने के लिए करीब 4.41 करोड़ रुपये से 13 विकास कार्यों को मंजूरी दी गई है। इन कार्यों के तहत विभिन्न वार्डों में सीसी सड़क और नाली निर्माण कराया जाएगा। लंबे समय से खराब सड़कों और जल निकासी की समस्या से जूझ रहे लोगों को इससे बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
वार्ड नं. 03 बरगदही में जलकल परिसर से महमूद अशरफ के घर तक सीसी सड़क व एक तरफ नाली निर्माण कार्य पर 39.47 लाख रुपये खर्च होंगे। इसी वार्ड में पीडब्ल्यूडी रोड से नहर पटरी होते हुए श्मशान घाट तक सीसी सड़क निर्माण के लिए भी 39.47 लाख रुपये स्वीकृत किए गए हैं।
वार्ड नं. 09 सिसहनिया में मस्जिद के पास से नहर तक सीसी सड़क व नाली निर्माण के लिए 39.45 लाख रुपये, नाले के पास से राम किशोर पांडेय के प्लाॅट तक सड़क निर्माण के लिए 39.74 लाख रुपये तथा अहमद हुसैन के प्लाट से तालाब तक सड़क निर्माण के लिए 39.74 लाख रुपये की स्वीकृति मिली है। इसके अलावा इसी वार्ड में लाला चौधरी से हातिम के घर तक सीसी सड़क निर्माण पर 35.82 लाख रुपये तथा कल्लू मियां के घर से सलाहू के घर तक सीसी सड़क व नाली निर्माण पर 17.24 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। वार्ड नं. 01 बरगदवा में एनएच-730 से नहर पटरी होते हुए गल्ला मंडी के पीछे सर्वेश पांडेय के घर तक सीसी सड़क निर्माण के लिए 39.07 लाख रुपये स्वीकृत हुए हैं। वार्ड नं. 08 बरगदवा सैफ उत्तरी में श्मशान घाट से जलालू के घर तक सड़क व नाली निर्माण पर 25.58 लाख रुपये खर्च होंगे।
वार्ड नं. 02 में उतरौला रोड से नदीम मास्टर के घर तक सीसी सड़क व नाली निर्माण के लिए 34.84 लाख रुपये, वार्ड नं. 16 बरगदवा सैफ पूर्वी में कंपोजिट विद्यालय से पानी टंकी तक सड़क व नाली निर्माण के लिए 32.52 लाख रुपये तथा वार्ड नं. 15 बरगदवा सैफ दक्षिणी में मुबारक के घर से गामा के मकान तक सड़क निर्माण के लिए 31.01 लाख रुपये स्वीकृत किए गए हैं। इसके अलावा वार्ड नं. 07 जूड़ीकुइया में सतई गौतम के घर से अजीज के घर तक सीसी सड़क निर्माण कार्य के लिए 26.99 लाख रुपये निर्धारित किए गए हैं।
निविदा पूरी होते ही शुरू होगा काम
सभी कार्य मुख्यमंत्री नगर सृजन योजना के तहत कराए जाएंगे। इसके लिए ई निविदा प्रक्रिया शुरू कर दी गई है और निविदा पूरी होते ही निर्माण कार्य प्रारंभ करा दिया जाएगा। कार्यों की गुणवत्ता और समयबद्धता सुनिश्चित करने के लिए नियमित निगरानी भी की जाएगी।
अवनीश सिंह, अधिशासी अधिकारी पचपेड़वा