बलरामपुर। प्रांतीय रक्षक दल के जवानों ने अपनी मांगों के समर्थन में आरपार की लड़ाई का ऐलान कर दिया है। प्रांतीय रक्षक दल के प्रदेश महामंत्री/जिलाध्यक्ष ठाकुर प्रसाद पांडेय की अध्यक्षता में शनिवार को बड़ा परेड ग्राउंड परिसर में बैठक कर आंदोलन की रणनीति तैयार की गई।
प्रदेश महामंत्री/जिलाध्यक्ष ने कहा कि पीआरडी विभाग होमगार्ड का पूर्व का विभाग है। शासन ने होमगार्डों का दैनिक भत्ता पुलिस के बराबर कर दिया है जबकि पीआरडी जवानों को ड्यूटी के दौरान प्रतिदिन मात्र 375 रुपये ही दैनिक भत्ता मिल रहा है। पहले से विभाग में मानदेय पर काम करने वाले ब्लॉक कमांडर व हलका सरदार का मानदेय सरकार ने बंद कर दिया है।
विभागों में तैनात पीआरडी जवानों को वाहन की कोई व्यवस्था नहीं की गई है। कार्य क्षेत्र को ध्यान में रखते हुए पीआरडी जवानों को वाहनों का इंतजाम कराया जाए। सरकारी व गैर सरकारी दफ्तरों में बजट के अभाव में पीआरडी जवानों को ड्यूटी नहीं मिल पा रही है। विभाग में प्रशिक्षित पीआरडी जवानों की भारी संख्या है जो बेरोजगार घूम रहे हैं।
जनपद भ्रमण के दौरान सीएम योगी आदित्यनाथ के आदेश के बाद भी शक्तिपीठ देवीपाटन मंदिर में 30 पीआरडी जवानों को नियमित ड्यूटी नहीं दी जा रही है। इन्हीं मांगों को लेकर अब आरपार की लड़ाई लड़ी जाएगी।