बलरामपुर के जिला महिला अस्पताल में लगी महिलाओं की लाइन।-संवाद
बलरामपुर। प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान दिवस पर फ्री में अल्ट्रासाउंड जांच कराने के लिए गर्भवती को घंटों परेशान होना पड़ता है। पहले क्यूआर कोड आने का इंतजार, उसके बाद निजी सेंटरों पर लंबी लाइनों में खड़ा होना पड़ रहा है।
सोमवार को जिला महिला अस्पताल में प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान (पीएमएसएमए) दिवस पर जांच शिविर का आयोजन किया गया। पीएमएसएमए दिवस पर गर्भवती को मुफ्त में अल्ट्रासाउंड के लिए क्यूआर कोड दिया गया। सुबह 10 बजे अस्पताल पहुंचीं गर्भवतियों के मोबाइल नंबर पर 12 बजे के बाद क्यूआर कोड के लिए मेसेज आया।
इसके बाद गर्भवती के परिजन निजी सेंटर पर जांच कराने पहुंचे तो सेंटर संचालक कतराते नजर आए। गर्भवती प्रियंका ने बताया कि वह महिला अस्पताल के सामने निजी अल्ट्रासाउंड सेंटर में जांच कराने गईं। एक संचालक ने मोबाइल न होने का बहाना बनाकर वापस लौटा दिया। दूसरे सेंटर संचालक ने करीब एक घंटे बैठाए रखा, फिर भी जांच नहीं हुई। जबकि पैसे देने वाली गर्भवती महिलाओं की अल्ट्रासाउंड जांच की जा रही थी। इसके बाद उन्होंने दूसरे सेंटर से अल्ट्रासाउंड जांच कराई।
क्यूआर कोड देने वाली गर्भवती को नहीं देते प्राथमिकता
फ्री में अल्ट्रासाउंड जांच के लिए क्यूआर कोड लेकर पहुंचने वाली गर्भवती को निजी सेंटर संचालन प्राथमिकता नहीं देते हैं। जबकि नगद पैसे देने वाले मरीजों को बिना इंतजार कराए अल्ट्रासाउंड कर देते हैं। ऐसे में फ्री अल्ट्रासाउंड के लिए गर्भवती को घंटों परेशान होना पड़ता है।
होगी कार्रवाई
निजी सेंटरों पर गर्भवती का प्राथमिकता के आधार पर अल्ट्रासाउंड जांच करनी चाहिए। जिस केंद्र पर गर्भवती को परेशान किया गया उसपर कार्रवाई की जाएगी।
- डॉ. मुकेश कुमार रस्तोगी, सीएमओ बलरामपुर