बलरामपुर। मंडल की ग्राम पंचायतों ने काॅमन सर्विस सेंटरों (सीएससी) से हुई आय काे तय खाते में जमा नहीं किया। सीएससी संचालकों से वसूले गए 24.44 लाख रुपये स्ववित्तीय स्रोत (ओएसआर) खातों में जमा नहीं कराया है। इसका खुलासा बीते दिनों ऑनलाइन समीक्षा के दौरान हुआ। उपनिदेशक पंचायत देवीपाटन मंडल गिरीश चंद्र ने बलरामपुर समेत चारों जिलों के डीपीआरओ को नोटिस जारी किया है। उन्हें बकाया धनराशि तत्काल ओएसआर खाते में जमा कराने का निर्देश दिया है।
वित्तीय वर्ष 2025-26 में सीएससी के माध्यम से प्रमाणपत्र, बिल भुगतान, पंजीकरण समेत विभिन्न सेवाओं से प्राप्त आय को ग्राम पंचायतों के स्ववित्तीय स्रोत खाते में जमा करना अनिवार्य है। यह धनराशि पंचायतों के छोटे-छोटे विकास कार्यों, मरम्मत और आवश्यक खर्चों के लिए उपयोग की जाती है। बावजूद इसके संचालकों से वसूल की गई रकम खातों में नहीं जमा कराई गई। जिसमें गोंडा जिले में 5,88,289 रुपये, बलरामपुर में 6,57,600 रुपये, बहराइच में 7,31,443 रुपये और श्रावस्ती में 4,66,887 रुपये की धनराशि शामिल है। कुल मिलाकर 24,44,219 रुपये अब तक संबंधित खातों में नहीं पहुंचे हैं। इससे पंचायतों की आर्थिक स्थिति प्रभावित होने की आशंका है।
पारदर्शिता पर भी सवाल
जांच के दौरान यह भी सामने आया कि कुछ धनराशि अभिलेखों में सही स्थान की श्रेणी में दर्ज नहीं है, जिससे पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो रहे हैं। विभाग अब सभी प्रविष्टियों का मिलान कर वास्तविक स्थिति स्पष्ट करने में जुटा है। जिला पंचायत राज अधिकारी श्रेया उपाध्याय ने बताया कि पंचायतों की आय में किसी भी प्रकार की अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जो संचालक पैसा दबाए बैठे हैं, उनसे हर हाल में वसूली कराई जाएगी। आवश्यक हुआ तो विधिक कार्रवाई भी की जाएगी।