बलरामपुर। जिले में दलदल वाली जमीनों को उपयोगी बनाने की कवायद शुरू की गई है। भारत सरकार की ओर से आए वेटलैंड कमेटी के सदस्य ने शनिवार को जिले के दलदल वाले क्षेत्रों का भ्रमण कर जमीनों का ब्योरा जुटाया। वह इसे सरकार को उपलब्ध कराएंगे। बाद में सरकार की तरफ से ऐसी जमीनों का कायाकल्प कराया जाएगा।
भारत सरकार के वेटलैंड कमेटी के सदस्य अफरोज अहमद ने बताया कि शनिवार को उन्होंने जिले के अधिकारियों के साथ वेटलैंड (दलदल) क्षेत्र का भ्रमण किया। बूढ़ी राप्ती व सिरिया नाला के दलदल वाले क्षेत्र का निरीक्षण कर उन्होंने अवैध अतिक्रमण हटवाने, दलदल वाले क्षेत्र में पौधरोपण किए जाने व उससे जुड़ी अन्य चीजों का ब्योरा जुटाया।
उन्होंने कहा कि इसके पीछे जिले में जलीय व जंगली क्षेत्रों के संरक्षण के लिए कार्य योजना तैयार कर भारत सरकार को उपलब्ध कराने का उद्देश्य है, जिससे वेटलैंड क्षेत्र को संरक्षित किया जा सके। वेटलैंड कमेटी के सदस्य ने डीएम श्रुति के साथ बैठक कर ऐतिहासिक व भौगोलिक जानकारी मांगी और वेटलैंडस को संरक्षित किए जाने के संबंध में चर्चा की। उन्होंने कहा कि देश में 11 लाख 12 हजार 131 हेक्टेयर क्षेत्र को अंतरराष्ट्रीय महत्व के वेटलैंड्स की रामसर सूची में शामिल किया गया है।
श्रावस्ती का कोई वेटलैंड सूची में शामिल नहीं है लेकिन श्रावस्ती में ऐसे कई वेटलैंड है जिनको रामसर सूची में शामिल कराने का प्रयास किया जा रहा है। वेटलैंड्स जंतु ही नहीं बल्कि पादकों की दृष्टि से भी एक समृद्धि तंत्र है जहां उपयोगी वनस्पतियां व औषधीय पौधे भी प्रचुर मात्रा में मिलते है। जिले के वेटलैंड को संरक्षित कर जलवायु को प्रदूषण मुक्त करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई जा सकती है।