बलरामपुर। महराजगंज तराई क्षेत्र में पैतृक जमीन के बंटवारे के विवाद में एक ही परिवार के पांच लोगों पर लाठी-डंडे और ईंट से हमला कर दिया गया। घटना में गंभीर रूप से घायल 31 वर्षीय सोनू सिंह की बहराइच मेडिकल कॉलेज में इलाज के दौरान मौत हो गई। पुलिस ने मामले में आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया है। उनकी निशानदेही पर दो लाठी, एक खड़ी ईंट और ईंट का आधा टुकड़ा बरामद किया गया है।
पुलिस अधीक्षक विकास कुमार ने बताया कि महराजगंज तराई निवासी मोनू सिंह ने 12 अगस्त को मामले में एफआईआर दर्ज कराई थी। विवेचना के दौरान सामने आए साक्ष्यों के आधार पर सुरेंद्र नाथ जायसवाल, राजसिंह और गुड्डी सिंह के नाम भी आरोपियों में शामिल किए गए। शुक्रवार को पुलिस ने देवबक्श सिंह, राकेश प्रताप सिंह उर्फ ननकू सिंह, शशिभूषण सिंह, अक्षय सिंह उर्फ डब्लू सिंह, राजसिंह, सुरेंद्र नाथ जायसवाल, गुड्डी सिंह और कल्पना सिंह को कस्बे से गिरफ्तार कर लिया।
आरोप है कि पैतृक संपत्ति के बंटवारे को लेकर देवबक्श सिंह समेत अन्य आरोपियों ने एकराय होकर मोनू सिंह, उसके पिता रवि प्रताप सिंह, मां सुधा सिंह, बहन सत्यमा सिंह और भाई सोनू सिंह पर हमला किया था। मारपीट में मोनू और उसके पिता के हाथ की हड्डियां टूट गई थीं, जबकि सोनू को गंभीर चोटें आई थीं। उसे बहराइच मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया था, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। इसके बाद पुलिस ने मुकदमे में हत्या की धारा बढ़ा दी।
तीन-तीन बीघा जमीन बहुओं के नाम बैनामा कराने से बढ़ा विवाद
पुलिस की पूछताछ में सामने आया कि देवबक्श सिंह के तीन बेटे राकेश प्रताप सिंह उर्फ ननकू सिंह, शशिभूषण सिंह और शिकायतकर्ता मोनू के पिता रवि प्रताप सिंह हैं। पुलिस के अनुसार, देवबक्श सिंह ने पैतृक संपत्ति में से तीन-तीन बीघा जमीन अपने दो बेटों की पत्नियों गुड्डी सिंह और कल्पना सिंह के नाम नौ जून 2026 को बैनामा कर दी थी। इसी जमीन के बंटवारे और हिस्से को लेकर परिवार में विवाद चल रहा था। घटना वाले दिन दोनों पक्षों में विवाद बढ़ने के बाद मारपीट हो गई।