बलरामपुर। जिले के सात सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर मरीजाें को दांतों के एक्सरे की सुविधा मिलेगी। इसके लिए शासन से 21 लाख 16 हजार 800 रुपये का बजट जारी किया गया है। अब तक दोनों जिला अस्पतालों सहित जिले के किसी भी सरकारी अस्पताल में डेंटल एक्सरे की सुविधा नहीं थी। इससे मरीजों को निजी डायग्नोस्टिक सेंटरों पर 300-500 रुपये तक खर्च कर के जांच करानी पड़ती थी।
जिले की पचपेड़वा, सादुल्लाहनगर, गैड़ास बुजुर्ग, तुलसीपुर, गैसड़ी, उतरौला और श्रीदत्तगंज सीएचसी में यह सुविधा शुरू की जाएगी। अभी तक इन केंद्रों पर दंत रोगियों के एक्सरे की सुविधा नहीं थी। दांत में कैविटी, सड़न, जड़ में संक्रमण, सूजन या दर्द की सटीक जांच के लिए मरीजों को निजी सेंटरों पर जाना पड़ता था, जहां उन्हें पैसे खर्च करने पड़ते थे।
अब हर सीएचसी को 67,200 रुपये से डेंटल एक्सरे मशीन, 1,68,000 रुपये से रेडियोविजियोग्राफी (आरवीजी) मशीन और 67,200 रुपये से कंपैटिबल डेस्कटॉप उपलब्ध कराया जाएगा। इन मशीनों के माध्यम से डिजिटल एक्सरे तुरंत स्क्रीन पर देखा जा सकेगा, जिससे डॉक्टरों को सटीक निदान में मदद मिलेगी और उपचार की गुणवत्ता बेहतर होगी। इस पहल से न केवल ग्रामीण मरीजों की परेशानी कम होगी, बल्कि सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं में लोगों का भरोसा भी और मजबूत होगा। एक्सरे मशीन के संचालन के लिए सीएचसी में तैनात सभी डेंटल हाईजीनिस्ट को पहले ही प्रशिक्षित किया जा चुका है।
जिला अस्पताल के मरीजों को भी मिलेगा लाभ
जिला मेमोरियल अस्पताल और संयुक्त जिला अस्पताल में डेंटल ओपीडी की सुविधा है, लेकिन एक्सरे नहीं हो पाता था। ऐसे में डॉक्टर या तो जबड़े का सामान्य एक्सरे कराकर इलाज देते थे, या समस्या ज्यादा होने पर मरीज को बाहर से जांच करानी पड़ती थी। अब मरीज सीएचसी से डेंटल एक्सरे कराकर जिला अस्पताल से इलाज करा सकेंगे।
मरीजों को मिलेंगी ये सुविधाएं
दांतों का डिजिटल एक्सरे तुरंत उपलब्ध
जड़, संक्रमण व फ्रैक्चर की सटीक पहचान
इलाज से पहले स्पष्ट जांच रिपोर्ट
कम खर्च में सरकारी अस्पताल पर जांच
जल्द कराई जाएगी व्यवस्था
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर डेंटल एक्सरे मशीन की सुविधा होने से ग्रामीण क्षेत्र के मरीजों को काफी सहूलियत होगी। शासन स्तर से निर्धारित सीएचसी पर जल्द ही व्यवस्था कराई जाएगी।
- डॉ. मुकेश कुमार रस्तोगी, सीएमओ बलरामपुर