बलरामपुर में स्थित कंपोजिट विद्यालय मूड़ाडीह।-संवाद
बलरामपुर। बेसिक शिक्षा विभाग में मिड-डे-मील योजना में घोटाले में आरोपी जिला समन्वयक (एमडीएम) फिरोज अहमद खान को सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है। जिलाधिकारी के अनुमोदन में बीएसए शुभम शुक्ल ने कार्रवाई की है। साथ ही घोटाले के आरोपी पांच प्रधानाध्यापकों को भी निलंबित कर दिया है। बीएसए ने बताया कि मामले की विभागीय जांच भी शुरू की गई है।
बेसिक शिक्षा अधिकारी की ओर से जारी किए गए आदेश में घोटाले की पुष्टि करते हुए कार्रवाई की गई है। प्राथमिक विद्यालय चैयपुरवा के प्रधानाध्यापक मलिक खुर्शीद अरशद, प्राथमिक विद्यालय मैनिहवा के प्रधानाध्यापक सुनील सिंह, प्राथमिक विद्यालय सूरतसिंह डीह के प्रधानाध्यापक सलीम अहमद, कंपोजिट विद्यालय मूड़ाडीह की प्रधानाध्यापक अंजुम बानो, कंपोजिट विद्यालय रामस्वरूप पुरवा के प्रधानाध्यापक अशोक कुमार गुप्त को घोटाले के आरोप में निलंबित किया है।
बीएसए ने बताया कि प्राथमिक विद्यालय देवरिया मुबारकपुर द्वितीय की प्रधानाध्यापक सुजाता सोनकर से शिकायत मिली कि उनके यहां एमडीएम का बजट नहीं मिला है। जांच की गई तो पांच विद्यालयों में अधिक धनराशि भेजने और उस धनराशि का गबन करने की बात सामने आई। इसके बाद आरोपी प्रधानाध्यापकों को निलंबित किया गया है। इन सभी के नाम एफआईआर में भी शामिल हैं। साथ ही सभी की जांच खंड शिक्षा अधिकारियों को सौंपी गई है। अन्य विद्यालयों की पड़ताल भी शुरू कर दी गई है।
पांच प्रधानाध्यापकों ने हड़पे 2.74 करोड़ रुपये
बैंक खातों की पड़ताल में उजागर हुआ कि पांच प्रधानाध्यापकों ने दो करोड़ 74 लाख एक हजार 900 रुपये का घोटाला किया है। इसमें प्राथमिक विद्यालय चैयपुरवा के प्रधानाध्यापक मलिक खुर्शीद अरशद ने 67 लाख 74 हजार 376 रुपये का गबन किया है। प्राथमिक विद्यालय मैनिहवा के प्रधानाध्यापक सुनील सिंह ने प्राथमिक विद्यालय मैनिहवा मलिक खुर्शीद अहमद से मिलकर 49 लाख 9 हजार 917 रुपये का गबन किया। इसी तरह गैसड़ी क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय सूरतसिंह डीह के प्रधानाध्यापक सलीम अहमद ने 54 लाख 22 हजार 816 रुपये का गबन किया है। कंपोजिट विद्यालय मूड़ाडीह की प्रधानाध्यापक अंजुम बानों ने 34 लाख 48 हजार 791 का घोटाला किया है। कंपोजिट विद्यालय रामस्वरूप पुरवा के प्रधानाध्यापक अशोक कुमार गुप्त ने 68 लाख 46 हजार का घोटाला किया है।