लखनऊ। मनरेगा घोटाले की जांच कर रही सीबीआई को बलरामपुर के तत्कालीन जिलाधिकारी व रिटायर्ड आईएएस सच्चिदानंद दुबे के खिलाफ केस चलाने की मंजूरी शासन ने दे दी है। पीसीएस से प्रमोशन पाकर आईएएस बने सच्चिदानंद को अब कोर्ट में सरेंडर करना होगा।
सच्चिदानंद के खिलाफ सीबीआई ने मिड डे मील घोटाले में एफआईआर दर्ज की थी। जांच के दौरान 2014 में मैनपुरी के डीएम रहते हुए सच्चिदानंद के आवास पर सीबीआई ने छापे मारे थे। इस दौरान उनके घर से 51 लाख रुपये बरामद हुए थे।
जांच में पता चला था कि यह रकम बलरामपुर में 2007 से 2009 के बीच डीएम रहते हुए मनरेगा घोटाले से जुटाई गई है। इसके बाद सीबीआई ने सच्चिदानंद को गिरफ्तार कर लिया था। सीबीआई ने उनके खिलाफ कई मामले दर्ज किए थे। इनमें से 4 में चार्जशीट दाखिल हो चुकी है।
मिड डे मील घोटाले में ये भी हैं आरोपी
सीबीआई मिड डे मील घोटाले की भी जांच कर रही है। इसमें तत्कालीन मुख्य विकास अधिकारी जेबी सिंह व उदय शंकर चतुर्वेदी के अलावा पूर्व बेसिक शिक्षा अधिकारी केडीएन राम व सप्लाई करने वाली फर्म को आरोपी बनाया गया है।