बलरामपुर। बच्चों से काम लेने पर 50 हजार रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा। दो साल तक के कारावास का भी प्रावधान है। प्रचार वाहन के माध्यम से बच्चों/किशोरों को काम पर भेजने के बजाय पढ़ाने के लिए अभिभावकों को जागरूक किया गया।
श्रम विभाग के अजीत पांडेय, सुनील राय व नया सवेरा के तकनीकी रिसोर्स पर्सन मनोज तिवारी ने गुरुवार को बताया कि अंतरराष्ट्रीय श्रमिक दिवस सप्ताह के दौरान जिले भर में वाहन से अभिभावकों को जागरूक किया जा रहा है। श्रमिकों को कार्यों के घंटे, न्यूनतम मजदूरी और साप्ताहिक अवकाश के बारे में भी जानकारी दी गई।
चौराहों और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर प्रचार वाहन रोककर बाल श्रम के बारे में लोगों को बताया गया। दुकानदारों को चेतावनी दी गई कि 18 वर्ष से कम आयु के बच्चों/किशोरों से दुकानों पर काम न लें अन्यथा छह माह से दो वर्ष तक का कारावास और 20 से 50 हजार रुपये तक का जुर्माना भरना पड़ सकता है।