बलरामपुर। विशेष सत्र न्यायाधीश पाक्सो एक्ट दीप नरायन तिवारी ने नाबालिग से दुष्कर्म करने का दोषी करार देते हुए एक व्यक्ति को 10 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। न्यायाधीश ने दोषी को 13 हजार रुपये अर्थदंड भी अदा करने का आदेश दिया है।
एक व्यक्ति ने थाना महराजगंज तराई में दो जून 2017 को प्रार्थना पत्र दिया था कि उसकी नाबालिग लड़की को गांव के ही ऋषिकेश सिंह बहला फुसलाकर 21 मई 2017 को भगा ले गया। काफी तलाश करने के बाद भी लड़की नहीं मिली। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर पीड़िता के बयान व डॉक्टरी परीक्षण के आधार पर दुष्कर्म की धारा की बढ़ोत्तरी करते हुए आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। सत्र परीक्षण के दौरान सरकारी अधिवक्ता पवन कुमार वर्मा ने पांच गवाहों को न्यायालय में प्रस्तुत किया। दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने व पत्रावली का अवलोकन करने के बाद न्यायाधीश ने ऋषिकेश को नाबालिग से दुष्कर्म करने का दोषी करार दिया। न्यायाधीश ने अर्थदंड में से 10 हजार रुपये पीड़िता को प्रतिकर के रूप में देने का आदेश दिया है।