बलरामपुर। जिले में संचालित धान क्रय केंद्रों पर व्यवस्थाओं की पड़ताल के लिए 10 मंडलीय अधिकारियाें की टीम बनाई गई है। 22 नवंबर तक केंद्रों पर सुविधाओं का भौतिक निरीक्षण कर मंडलायुक्त को रिपोर्ट देनी होगी। मंडलीय टीम के निरीक्षण को लेकर केंद्र प्रभारियों में हलचल है।
अमर उजाला ने 15 नवंबर के अंक में 2346 का पंजीकरण, बेचा 237 ने ही और 16 नवंबर को अब काले धब्बे वाले धान काट रहे किसानों की जेब शीर्षक से खबर प्रकाशित की थी। दोनों खबर में क्रय केंद्रों की पड़ताल करते हुए किसानों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया गया था। खबर को संज्ञान में लेते हुए मंडलायुक्त ने 10 मंडलीय अधिकारियों की टीम बनाकर अलग-अलग क्रय केंद्रों का भौतिक निरीक्षण करने का निर्देश दिया है। 22 नवंबर तक निरीक्षण आख्या भी मांगी गई है। (संवाद)
ये मंडलीय अधिकारी करेंगे जांच
उप निदेशक पंचायत, सहायक निदेशक बेसिक शिक्षा, अधीक्षण अभियंता जल निगम ग्रामीण, अपर निदेशक पशुपालन, संयुक्त निदेशक उद्योग, अधीक्षण अभियंता सिंचाई विभाग, उपायुक्त खाद्य, उप निदेशक समाज कल्याण, उप मुख्य परिवीक्षा अधिकारी एवं उप निदेशक पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग अलग-अलग ब्लाॅकों में धान क्रय केंद्रों की पड़ताल करेंगे।
20 बिंदुओं पर करनी होगी जांच
मंडलीय अधिकारियों को सरकारी क्रय केंद्रों पर 20 बिंदुओं पर जांच करनी है। इसमें केंद्र प्रभारी की उपस्थिति, धान खरीद की स्थिति, हैंडलिंग ठेकेदार की नियुक्ति, श्रमिकों की उपलब्धता, पोस्टर-बैनर का प्रदर्शन, इलेक्ट्रानिक कांटा व नमी मापक यंत्र के स्टैंपिंग प्रमाण पत्र व क्रियाशीलता, धान के लिए अस्थायी भंडारण की सुविधा, धान के नमूने लेने के लिए इनेमल प्लेट व परखी, भुगतान की स्थिति, विश्लेषण किट, पॉवर डस्टर, डबल जाली का छलना व किसानों के लिए पेयजल, प्रसाधन, प्रतीक्षालय व टेंट की व्यवस्था आदि का आकलन करना होगा।