लोक निर्माण विभाग प्रांतीय खंड कार्यालय में जेई संग मारपीट का मामला शांत होने का नाम नहीं ले रहा है। आए दिन इस तरह की घटनाओं पर डिप्लोमा इंजीनियर संघ में आक्राेश व्याप्त है। सुलह के आ रहे दबाव को दरकिनार कर संगठन के पदाधिकारी आरोपियों पर मुकदमा दर्ज करने की मांग पर अड़े हैं। मुकदमा दर्ज न होने पर दशहरा बाद कार्य बहिष्कार कर धरना पर जाने की चेतावनी दी है।
संगठन के अध्यक्ष राहुल सिंह ने कहा कि प्रांतीय खंड के जेई विजय प्रताप के साथ आरोपी ठेकेदार गलत कार्य कराने के लिए लगातार दबाव बना रहे थे। न मानने पर कार्यालय के कंप्यूटर कक्ष में सरकारी कार्य करने के दौरान गाली गलौज करते हुए अन्य साथियों संग मारपीट की। इससे अन्य इंजीनियरों में भय का माहौल है। मुख्य अभियंता आजमगढ़ योगेंद्र सिंह, अधीक्षण अभियंता सीपी गुप्ता, एई व जेई का साथ पुलिस अधीक्षक एस आनंद से मिलकर पूरे मामले से अवगत कराते हुए आरोपियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की। अधिकारियों ने लोनिवि परिसर से ठेेकेदारों व बाहरियों के प्रवेश पर प्रतिबंधित लगाने और गेट पर सुरक्षकर्मियों को तैनात करने की मांग की। पुलिस दोनों पक्षों का बयान लेकर मामले की जांच कर रही है। पीड़ित जेई विजय प्रताप ने पुलिस को दी तहरीर में तीन ठेकेदारों पर मारपीट का आरोप लगाया। जेई ने जिस ठेकेदार पर मारपीट का आरोप लगाया है वह पूर्व में एक जेई के आवास पर मारपीट मामले में जेल जा चुका है, उस पर कई मुकदमे दर्ज हैं। वहीं, दूसरी तरफ एक ठेेकेदार ने कोतवाली पुलिस को तहरीर देकर जेई विजय प्रताप पर सड़क की पैचिंग का कार्य देने के बदले 25 हजार रुपये लेने के बावजूद कार्य दूसरे ठेकेदार को देने का आरोप लगाया। पैसा वापस मांगने पर मारपीट का मुकदमा दर्ज करने की धमकी देने का आरोप लगाया है। इस मामले की जांच कर रहे कोतवाल संजय सिंह ने कहा कि पीड़ित जेई से तहरीर मांगी गई है, आते ही आरोपियों पर मुकदमा दर्ज किया जाएगा।