गिट्टी-बालू कारोबारी की हत्या में पुलिस की लापरवाही सामने आने के बाद बलिया पुलिस अधीक्षक देवेंद्रनाथ ने नगरा थाने के प्रभारी यादवेंद्र पांडेय और एक उपनिरीक्षक अखिलेश यादव को लाइन हाजिर कर दिया है। एसपी के पीआरओ को नगरा थाना का प्रभारी बनाया गया है।
नगरा-गड़वार मार्ग पर शनिवार भोर में सरया बगडौरा निवासी हीरामन यादव(50) की बाइक सवार बदमाशों ने गोली मार कर हत्या कर दी थी। घटना से भड़के लोगों ने शव सड़क पर रख नगरा-गड़वार मार्ग पर जाम लगा दिया था। मौके पर पहुंचे एसपी ने ढाई घंटे बाद किसी तरफ लोगों को समझाकर जाम समाप्त कराया था। ग्रामीणों का कहना था कि पुलिस की लापरवाही से हत्या हुई है।
मृतक अपनी हत्या की आशंका जताते हुए थाने को दो बार प्रार्थना पत्र दे चुका था। मृतक के परिजनों को सांत्वना देने पहुंचे क्षेत्रीय बसपा विधायक उमाशंकर सिंह ने भी पुलिस की भूमिका पर सवाल उठाए थे। उन्होंने तो यहां तक कह दिया था कि उनके क्षेत्र में पड़ने वाले तीन थानों में से रसड़ा को छोड़कर नगरा और गड़वार पर सिर्फ पैसे के लिए काम किया जा रहा है।
उन्होंने साफ कहा था कि दोनों थानों के पुलिस अधिकारी बता दें उन्हें प्रतिमाह कितना पैसा चाहिए हम दे देंगे, लेकिन जनता को शांति से जीने दें। थाना क्षेत्र में बढ़ते अपराध का ग्राफ और अवैध वसूली के आरोपों के साथ बढ़ते जनाक्रोश को देखते हुए एसपी ने रविवार को थाना प्रभारी यादवेंद्र पांडेय और उप निरीक्षक अखिलेश यादव को लाइन हाजिर कर दिया।