बलिया। जनपद के 22 थानों पर शनिवार को थाना समाधान दिवस का आयोजन किया गया। पुलिस व राजस्व की संयुक्त टीम ने फरियादियों की समस्याओं को सुना व निस्तारण का प्रयास किया।
नरहीं थाने पर सात मामले आए। एक मामले का निस्तारण हुआ। सिकंदरपुर निवासी दुर्गावती देवी पत्नी राधेश्याम प्रसाद ने बताया कि पड़ोसी से गली में अतिक्रमण का मुकदमा 45 साल चला। न्यायालय से पक्ष में फैसला हुआ। तीन वर्ष के करीब पैमाइश और अतिक्रमण मुक्त के लिए जिला मुख्यालय, तहसील से लेकर थाने का चक्कर काट रही हूं। शाहपुर बभनौली पुरानी बस्ती के मोतीलाल यादव ने बताया कि रास्ते व नाली का वर्षों से विवाद है। सालों से निपटारा नहीं हो रहा है। नरहीं थानाध्यक्ष बीरेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि सात मामले आए जिसमें से एक का निस्तारण हुआ सभी मामले जमीन से जुड़े थे।
बैरिय थाने में क्षेत्राधिकारी मोहम्मद फहीम कुरैशी के सामने आठ मामले आए। सभी मामले भूमि विवाद से संबंधित थे। दो मामलों का मौके पर निस्तारण हुआ। शेष छह मामलों को संबंधित विभाग को निस्तारण के लिए भेज दिया गया। दया निधि यादव मठ योगेंद्र गिरी, आबिदा खातून चांदपुर, परमात्मा दयाल सिंह गोन्हिया छपरा, सुभाष यादव सुरेमनपुर,वशिष्ठ सिंह गरीब टोला, रामेश्वर यादव चाई छपरा सहित कुल आठ लोगों ने भूमि विवाद का मामला प्रस्तुत किया। राजस्व विभाग से इकलौते राजस्व निरीक्षक रमेश कुमार ही मौजूद रहे। कोई लेखपाल या राजस्व निरीक्षक से ऊपर का अधिकारी समाधान दिवस में नहीं पहुंचा था।
फेफना थाने पर तीन मामले राजस्व विभाग शिकायतें प्राप्त हुईं। अधिकतर मामले जमीन से संबंधित विवाद के थे। थाना प्रभारी विश्वदीप सिंह ने सभी शिकायतकर्ताओं की समस्याएं सुनीं। और संबंधित अधिकारियों को जांच के आदेश दिया गया। गड़वार में तीन राजस्व के मामले आए। थानाध्यक्ष हितेश कुमार ने दो मामलों का निस्तारण करवाया। जबकि एक अन्य प्रकरण आवश्यक जांच और प्रक्रिया के लिए लंबित रखा गया है। इस अवसर पर संबंधित लेखपाल, अन्य राजस्व अधिकारी एवं पुलिसकर्मी भी मौजूद रहे।