बैरिया। हॉटस्पॉट गांव के प्राथमिक विद्यालय करमानपुर क्वारन्टीन सेन्टर में बच्चों व महिलाओं के साथ 36 प्रवासियों के भोजन पर भी आफत थी। प्रवासी मजदूर किसी तरह खरीदकर खुद से बनाकर भोजन कर रहे थे। मामला सामने आने के बाद उपजिलाधिकारी सुरेश कुमार बुधवार को हॉटस्पॉट गांव करमानपुर पहुंचे और प्रवासी मजदूरों की समस्याओं को जाना। उपजिलाधिकारी ने ग्राम प्रधान लक्ष्मण यादव से राशन व्यवस्था करने को कहा। इसके बाद प्रधान ने क्वारन्टीन 36 प्रवासियों के दोनों वक्त के भोजन के लिए खाद्य सामग्री उपलब्ध कराया।
उधर, ग्राम प्रधान व बैरिया ब्लॉक प्रधान संघ के अध्यक्ष लक्ष्मण यादव ने उपजिलाधिकारी से व्यवस्था की कमियां गिनाते हुए कहा कि क्वारन्टीन प्रवासियों के खिलाने का पैसा भुगतान के लिए मौखिक आदेश दिया जाता है। हकीकत यह है कि ग्राम पंचायत दुर्जनपुर, श्रीनगर सरीखे ग्राम प्रधानों ने अपने यहां क्वारन्टीन प्रवासियों को स्कूल के रसोइयों से खाना पकवा कर भोजन करवाया। उक्त प्रधान बिल, बाउचर खण्ड विकास अधिकारी को कई दिन पहले दे चुके हैं लेकिन उनके बिल का भुगतान अभी तक नहीं हुआ। कहा पूर्व में करमानपुर में सात प्रवासी क्वारन्टीन थे उनका बिल हमने भी बैरिया ब्लॉक को प्राप्त कराया है लेकिन अब तक बिल का भुगतान नहीं हुआ। उपजिलाधिकारी ने कहा कि बीडीओ के स्तर से बिल आते ही भुगतान कर दिया जाएगा। अब तक एक भी ग्राम पंचायत की बिल नहीं नहीं मिली है।