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बलिया में खतरा बिंदु से ऊपर सरयूः सात लाख क्यूसेक पानी छोड़े जाने से उफान पर नदी, सहमे लोग

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सिकंदरपुर क्षेत्र में खरीद गांव के समीप उपजाऊ भूमि को काटती सरयू नदी की लहरे। संवाद - फोटो : BALLIA
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बनबसा बैराज से सात लाख क्यूसेक पानी छोड़े जाने से बलिया में सरयू नदी में उफान लगातार जारी है। इसकी लहरें तटवर्ती इलाकों में तबाही मचाने को मचल रही हैं। डीएसपी हेड पर सरयू खतरा बिंदु से 38 सेमी ऊपर बह रही है। उधर, लगातार बढ़ते जलस्तर को देखकर सिकंदरपुर तहसील क्षेत्र के तटवर्ती गांवों के लोग सहमे हुए हैं। कई क्षेत्रों में धीरे-धीरे जलभराव शुरू हो गया है। इसके चलते ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ गई हैं।
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नदी के किनारे बसे गांवों के रास्तों पर पानी चढ़ने लगा है। जलस्तर बढ़ने से कटान भी शुरू हो गया है। सरयू का जलस्तर बढ़ने से घाघरा किनारे अपना आशियाना बनाकर रह रहे सच्चिदानंद चौधरी का डेरा कटान की भेंट चढ़ चुका है। आसपास बसे हरख चौधरी, बली चौधरी, अजय, संजय, जोगिंदर, वीरबल, शुकदेव, बिहारी, जयप्रकाश समेत एक दर्जन लोगों के डेरा पर खतरा बढ़ गया है। उधर, कटार बनीं सरयू की लहरें लगातार किसानों की कृषि योग्य भूमि को अपनी जद में ले रही है। यही नहीं, पुरुषोत्तम पट्टी, निपनिया में भी कटान शुरू हो गया है। किसान पन्ना लाल ने बताया कि अब तक दो दर्जन से अधिक किसानों का करीब 30 एकड़ भूमि नदी में समाहित हो चुकी है। सैकड़ों एकड़ भूमि जलमग्न हो चुकी है। बाढ़ के संभावित खतरा को देखते हुए तहसील क्षेत्र के मालदा, बहादुरा, डूहा बिहरा, काजीपुर, लिलकर, कठौड़ा, सिसोटर में स्थापित बाढ़ चौकियों पर सतर्कता बढ़ा दी गई है। तहसीलदार आरएन वर्मा ने बताया कि इन चौकियों से संबंधित गांवों नारायणपुर, झोरीडीह, हड़सर, तिवारीपुर, मुईयां, बहादूरा, लेतरहा, सोनुपार, गायघाट, आसन, पिलुई, कुंडीडीह, दुबौली, लिलकर, पुरुषोत्तम पट्टी, निपनिया, बिजलीपुर आदि में विशेष सतर्कता बरतने का आदेश दिया गया है। जलस्तर में निरंतर वृद्धि का सिलसिला जारी रहने से बाढ़ की संभावना बढ़ गई है। इसको लेकर तटवर्ती दर्जनों गांवों के हजारों लोग सहम गए हैं।
हाहानाला, तुर्तीपार और हल्दीरामपुर रेगुलेटर पर बढ़ा दबाव
बेल्थरारोड। सरयू नदी लगातार बढ़ाव पर है। पिछले 72 घंटे से जलस्तर में वृद्धि हो रही है। हाहानाला, तुर्तीपार और हल्दीरामपुर रेगुलेटर पर पानी का दबाव बढ़ गया है। नदी का पानी खतरे के निशान से 41 सेंटीमीटर ऊपर बह रहा है। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार, रविवार की शाम जलस्तर 64.420 मीटर दर्ज किया गया, जो लाल निशान 64.010 से 41 सेंटीमीटर अधिक है। शनिवार को जलस्तर 64.390 मीटर पर रहा। आयोग का कहना है कि आधा सेंटीमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से जलस्तर में बढ़ोतरी हो रही है। अगले 24 घंटे में जलस्तर में कमी होने का पूर्वानुमान है। हाहानाला से टगुनिया तक कई किलोमीटर क्षेत्र में नदी का पानी फैल गया है। प्रशासन की ओर से तटवर्ती क्षेत्रों में बाढ़ चौकियां स्थापित कर नदी की प्रकृति की निगरानी की जा रही है
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