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Ballia News: मिठाई की दुकानों पर नियम गायब, त्योहार में भी खाद्य विभाग की जांच सुस्त

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नगर के कदम चौराहा -भृगुआश्रम मार्ग ​स्थित एक मिठाई की दुकान पर बिक्री के लिए रखी मिठाइयां।संवा
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बलिया। त्योहारों पर मिठाइयों की मांग बढ़ गई है, लेकिन मिठाई की दुकानों पर खाद्य सुरक्षा के नियमों का पालन सुनिश्चित कराने की व्यवस्था सवालों के घेरे में है। काउंटरों पर सजी मिठाइयों के सामने न तो निर्माण की तारीख दर्ज है और न ही उनके इस्तेमाल की सुरक्षित अवधि का उल्लेख।
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कई जगह मिठाइयां खुले में रखी जा रही हैं, जहां सड़क की धूल और मक्खियों के संपर्क में आने का खतरा बना रहता है। त्योहार के मौसम में मिलावट और असुरक्षित खाद्य पदार्थों की बिक्री रोकने के लिए जिम्मेदार विभाग की लापरवाही से लोगों के स्वास्थ्य पर विपरीत असर डाल रहा है। जिला अस्पताल की इमरजेंसी में रोज तीन से चार लोग फूड पॉइजनिंग वाले पहुंच रहे हैं।
खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (एफएसएसएआई) के नियमों के तहत बिना पैक की मिठाइयों के काउंटर पर ‘बेस्ट बिफोर’ यानी मिठाई के सेवन के लिए निर्धारित अवधि की जानकारी प्रदर्शित करने की व्यवस्था लागू की गई है। इसके बावजूद जिले की दुकानों पर इसका पालन होता नहीं दिख रहा है। कुछ दुकानों को छोड़ दे तो ग्राहकों को मिठाई खरीदते समय यह तक पता नहीं चलता कि संबंधित मिठाई कब बनाई गई और उसे कितने समय तक सुरक्षित रूप से खाया जा सकता है। पैक मिठाइयों पर भी लेबल संबंधी नियमों का पालन जरूरी है।
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न तारीख का पता, न रखरखाव की गारंटी

मिठाइयों की गुणवत्ता और सुरक्षित रखरखाव का सीधा संबंध लोगों की सेहत से है। खासकर दूध और खोया से बनी मिठाइयों को निर्धारित तापमान और उचित परिस्थितियों में रखना जरूरी होता है। गर्मी, नमी और अस्वच्छ वातावरण में इनके खराब होने का खतरा बढ़ सकता है। इसके बावजूद खुले काउंटरों पर रखी मिठाइयों की गुणवत्ता को लेकर ग्राहकों के पास जानकारी का अभाव रहता है। त्योहारों में अधिक बिक्री के बीच पुरानी मिठाइयों की बिक्री की आशंका भी जांच का विषय है।



छापामारी और सैंपलिंग पर उठ रहे सवाल

खाद्य सुरक्षा विभाग की जिम्मेदारी केवल दुकानदारों को निर्देश देने तक सीमित नहीं है। नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए निरीक्षण, खाद्य नमूनों की जांच और उल्लंघन मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई भी जरूरी है। ऐसे में त्योहार के दौरान मिठाई की दुकानों पर नियमित जांच और नमूने लेने की कार्रवाई का विवरण सार्वजनिक होना चाहिए, ताकि लोगों को पता चले कि उनकी सेहत की सुरक्षा के लिए विभाग कुछ दुकानों पर छापेमारी कर सैम्पलिंग कर खानापूर्ति करता है, लेकिन सख्त तेवर न अपनाने के कारण दुकानदारों का मनोबल बढ़ा हुआ हैं।



ग्राहक भी बरतें सावधानी

मिठाई खरीदते समय उसकी ताजगी, साफ-सफाई और रखरखाव पर ध्यान दें। पैक मिठाइयों पर लेबल और तारीख की जानकारी देखें। खुले में धूल-मक्खियों के संपर्क में रखी मिठाइयां खरीदने से बचें। संदेह होने पर खाद्य सुरक्षा विभाग में शिकायत करें।

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मिठाई और अन्य खाद्य पदार्थ बेचने वाले दुकानदारों को नियमों का पालन करने के निर्देश दिए गए हैं। उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। 21 अक्टूबर से चेकिंग अभियान चलाया जाएगा। - हरेंद्र सिंह, मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी, बलिया।
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