बलिया। अब परिषदीय स्कूलों की रसोइया भी एप्रन, कैप और हैंड ग्लब्स लगाकर खाना बनाती नजर आएंगी। इसके लिए शासन ने प्रबंध समितियों के बैंक खाते में 400 रुपये प्रति रसोइया धनराशि भेजी है। हेडमास्टर और प्रबंध समिति के अध्यक्ष संयुक्त रूप से यूनीफॉर्म खरीदेंगे।
जिले में वर्तमान में 2054 प्राथमिक एवं 615 उच्च प्राथमिक विद्यालय है, जिनमें मध्याह्न भोजन बनाने के लिए 6684 रसोइयां तैनात हैं। इसके अलावा, 25 छात्र संख्या नामांकन वालों में एक, इससे अधिक जहां 100 नामांकन संख्या है दो तथा 100 से अधिक छात्र संख्या वाले विद्यालयों में तीन रसोइयों की तैनाती है। बेसिक शिक्षा विभाग ने तैयारी शुरू कर दी है। 6684 रसोइयों को सरकार की पहल से लाभ मिलेगा। एमडीएम समन्वयक अजीत पाठक ने बताया कि धनराशि से महिला और पुरुष रसोइयों के लिए अलग-अलग यूनीफॉर्म, एप्रिन, कैप और ग्लब्स खरीदकर दिए जाएंगे। साथ ही यह सुनिश्चित किया जाएगा कि प्रत्येक रसोइयां साफ-सुथरे यूनीफॉर्म में ही मध्याह्न भोजन पकाएं। जानकारों के मुताबिक, सरकार की पहल से बच्चों को संक्रामक बीमारियों से बचाने में मदद मिलेगी। हाल में कोरोना महामारी के चलते संक्रामक बीमारियों को लेकर सरकार बेहद गंभीर है। बच्चों के स्वास्थ्य को किसी प्रकार की हानि न पहुंचे, इसलिए सरकार की ओर हर जतन किया जा रहा है।
परिषदीय स्कूलों में खाना बनाने वाली रसोइयों को यूनिफार्म के रूप में एप्रन, कैप, ग्लब्स मुहैया कराया जाने का निर्णय सरकार ने लिया है। 400 रुपये की धनराशि एक सप्ताह के अंदर प्रबंध समितियों के खाते में प्रेषित कर दी जाएगी। - शिवनारायन सिंह, बीएसए, बलिया