चिलकहर। गड़वार थानाक्षेत्र के विशुनपुरा गांव में दोहरे हत्याकांड के दूसरे दिन मातम पसरा रहा। पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव को परिजनों को सौंप दिया। घटना की सूचना पर रिश्तेदारों व जान पहचान वालों की भीड़ पोस्टमार्टम पर जुटी रही, हर कोई इस घटना को लेकर अवाक है। दोनों का दाह संस्कार शिवरामपुर गंगा घाट पर हुआ। आरोपी की मां विमला पांडेय को पति उमेश पांडेय ने मुखाग्नि दी। छाया देवी के भतीजे संजय पांडेय कीतहरीर पर पुलिस ने आरोपी प्रतीक पांडेय, पिता उमेश पांडेय व चाचा पर संबंधित धारा में मुकदमा दर्ज कर लिया, मुख्यारोपी आरोपी प्रतीक को घटना में प्रयुक्त फावड़े के साथ गिरफ्तर कर चालान कर दिया गया। कोर्ट ने उसे जेल भेज दिया, लेकिन, घटना की वजह का पता नहीं चल सका।
फोरेंसिक टीम ने दूसरे घटना स्थल पर पहुंच कर गहनता से जांच कर साक्ष्य इकट्ठा किए। आरोपी के आंगन में मां व पड़ोसी दादी के शव के अवशेष उसी तरह पड़े रहे। घटना के बाद गांव में सन्नाटा छाया हुआ है, गांव की गलियां पूरी तरह शांत रही। लोग सहमे हुए हैं। घटना को लेकर कोई कुछ बोलने से कतरा रहा है। रविवार की छुट्टी होने के बावजूद लोग बच्चों के साथ अपने-अपने घरों में दुबके रहे, कोई एक दूसरे से बात भी करना मुनासिब नहीं समझ रहा था। सुरक्षा को लेकर पुलिस के जवान मुस्तैद रहे।
थाना प्रभारी मूलचंद चौरसिया ने बताया कि मुख्यारोपी को गांव के प्राथमिक स्कूल से फावड़े के साथ गिरफ्तार कर चालान कर दिया गया है, अन्य दो आरोपियों की तलाश जारी है।
बहन के मोबाइल से बात करने से नाराज था प्रतीक
प्रतीक ने बहन के साथ विवाद में बीच बचाव करने आई मां की फावड़े से मार कर हत्या कर दी थी। शोर सुनकर पहुंची पड़ोस की दादी की भी फावड़े से हमला कर हत्या कर दी थी। उसके बाद दोनों के शव घर से खींचकर बाहर दरवाजे पर लाकर रख दिए थे। ग्रामीणों के अनुसार प्रतीक अपनी बहन से मोबाइल छीन रहा था, वह मोबाइल पर किसी से बात कर रही थी, उसी को लेकर वह नाराज था। घटना से पूर्व मोबाइल न देने पर गुस्से में उसे बहन की अंगुली को काटा तो उसकी मां पहुंच कर बोलने लगीं। इस पर गुस्से में आकर मां व उसके बाद पड़ोस की दादी पर फावड़े से हमला कर दिया। मृतका छाया देवी के भतीजे संजय पांडे ने तहरीर में पुराने जमीन विवाद को लेकर साजिश के तहत चाची की हत्या का आरोप लगाया है। पुलिस आरोपी व अन्य लोगों से पूछताछ के बाद भी घटना का खुलासा नहीं किया, जिससे चर्चाओं का बाजार गर्म है।