बलिया। विधानसभा चुनाव शांतिपूर्ण व निष्पक्ष ढंग से संपन्न कराने के लिए चुनाव आयोग लगातार संबंधित अधिकारियों के पेच कस रहा है। आयोग के निर्देश के बाद आबकारी विभाग भी आयोग के निर्देशों के मुताबिक कार्य कर रहा है। विभाग की ओर से जिले में स्थित दुकानों से बिकने वाली शराब की एक-एक बोतल का हिसाब लिया जा रहा है।
हर रोज दुकानों की बिक्री और शेष स्टॉक का मिलान किया जा रहा है। साथ ही इसकी रिपोर्ट मुख्यालय को भेजी जा रही है। अफसरों का कहना है कि इस कवायद का मकसद यही है कि चुनाव को प्रभावित करने के लिए शराब का प्रयोग न हो।
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हर रोज स्टॉक का मिलान आयोग की भी बिक्री पर नजर
आमतौर पर शराब की बिक्री का रिकार्ड माह के अंत में तैयार होता है। अनुज्ञापी माह के अंत में अपनी बिक्री व शेष स्टॉक का रिकार्ड भेजते हैं और फिर जिला स्तर से समग्र रिपोर्ट बनकर मुख्यालय भेजी जाती है। विधानसभा चुनाव में इस बात की प्रबल आशंका होती है कि मतदाताओं को प्रभावित करने के लिए उम्मीदवारों या उनके समर्थकों की ओर से शराब का प्रयोग किया जा सकता है। इस पर रोक लगाने के उद्देश्य से विभाग ने जिले में बिकने वाली शराब की एक एक बोतल का हिसाब लेना शुरू कर दिया है। हर दिन की बिक्री का हिसाब लेने के लिए हल्का सिपाहियों को लगाया गया है।
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बनाई गई है संयुक्त टीम
आबकारी व जिला प्रशासन और पुलिस की छह संयुक्त टीमें बनाई गई हैं, जो लगातार अवैध शराब कारोबारियों व बाहर से आने वाली शराब पर नजर रख रही हैं। इसके अलावा अवैध कारोबार करने वालों के खिलाफ कारवाई कर रही है।
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25 फीसदी से अधिक बिक्री पर होगी जांच
आबकारी विभाग के अफसरों का कहना है कि रोजाना तैयार हो रही रिपोर्ट के जरिए निगरानी की जा रही है कि शराब की बिक्री में कहीं अप्रत्याशित उछाल तो नहीं आई। इसके लिए औसत बिक्री को आधार बनाया जा रहा है। 25 फीसदी से ज्यादा उछाल की स्थिति में जांच कराई जाएगी।
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आंकड़ों पर एक नजर
-कुल अनुज्ञापी 232 (देशी, अंग्रेजी शराब, मॉडलशाप, बार)
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रोजाना की औसत बिक्री
-अंग्रेजी- 5 हजार लीटर प्रतिदिन
-देशी 9 से 10 हजार लीटर प्रतिदिन
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मतदाताओं को प्रभावित करने के लिए कहीं शराब का इस्तेमाल न हो, इसके लिए बिक्री और स्टॉक के रिकार्ड की रोजाना रिपोर्ट तैयार कराई जा रही है। कहीं भी अप्रत्याशित वृद्धि की सूचना मिलती है, तो संबंधित लोगों से स्पष्टीकरण मांगा जाएगा। गलत रिपोर्ट मिलने पर कार्रवाई के लिए संस्तुति की जाएगी।
अनुपम राजन, जिला आबकारी अधिकारी,बलिया।
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