नगरा थाना क्षेत्र के गोठाई गांव में बुधवार रात छत के सहारे चोर एक घर में उतर गए। चोरों ने आलमारी और बक्से में रखे करीब 16 लाख के जेवर सहित 20 हजार रुपये और सामानों पर हाथ साफ कर दिया। गुरुवार की भोर में जब घरवालों की नींद खुली तो सामान बिखरा देख उनके होश उड़ गए।
गोठाई निवासी विजयशंकर गुप्त का पूरा परिवार रोज की भांति खाना खाने के बाद उमस के कारण छत पर सोने चला गया। इसी बीच रात में किसी समय चोर घर से सटे मौजूद नीम के पेड़ के सहारे छत पर चढ़ गए और सीढ़ी के रास्ते घर में प्रवेश कर गए। इस दौरान चोरों ने कमरे का ताला तोड़कर तीन बक्सा, दो सूटकेस में रखे लगभग कीमती जेवर हार, कंगन, मांग टीका, नथिया सहित पांच दर्जन से ऊपर के जेवरात, 20 हजार नकद के अलावा महंगे कपड़े और फूल के दो बोरी बर्तन लेकर मुख्य दरवाजे से निकल गए। चोरी हुए गहने विजयशंकर की पांच बेटियों के थे। घटना की सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस मामले की छानबीन में जुट गई।
विजय शंकर गुप्त असम में रहते थे। असम में लकड़ी का कारोबार करते थे। वहां उग्रवाद जब बढ़ा तो एक दशक पहले असम छोड़ गांव चले आए। तभी से परिवार के साथ यहीं पर रह रहे हैं। शायद सपने में भी नहीं सोचा होगा कि एक दिन उनके जीवन की पूरी कमाई लुट जाएगी। चोरों ने उनकी विवाहित बेटियों के जेवर सहित एक बेटी के शादी के लिए रखे जेवर और सामान ले गए। पत्नी और बेटियों का रोते-रोते बुरा हाल है। लड़की की शादी के लिए अब गहना कहां से आएगा। इसे लेकर मां-बाप काफी चिंतित हैं।