ग्रामीण इलाकों में हल्की बारिश ने जिले में गलन और बढ़ा दी है। सोमवार को पूरे दिन बादल छाए रहे। दोपहर तक हल्की धुंध के चलते लोग घरों में दुबके रहे। बहुत जरूरी होने पर ही लोग घरों से निकले।
शाम को कोहरे के चलते सड़कों पर वाहन रेंगते नजर आए। ठंड से लोग परेशान दिखे। कुछ दिनों से गलन और ठंड में हो रही बढ़ोतरी ने लोगों को परेशानी में डाल दिया है।
रविवार से शुरू हुई बूंदाबांदी ने लोगों का जीना दुश्वार कर दिया है। जिला प्रशासन और नगर पालिका की उदासीनता चरम पर है। एक दो दिनों तक अलाव जलवाने के बाद अब कहीं भी नहीं दिख रहा है।
ठंड और गलन के कारण लोग घरों से बाहर नहीं निकले। जो लोग निकले भी वे जल्द से जल्द घर वापस लौट गए। रामपुरकोड़हरा प्रतिनिधि के अनुसार सुबह से ही बूंदाबांदी तथा कुहासे से जनजीवन पूरी तरह अस्तव्यस्त रहा।
सड़कों, बाजारों में कम चहलपहल रही तो सरकारी दफ्तरों में कर्मचारी पूरे दिन अलाव तापते नजर आए। स्कूलों में काफी कम संख्या में बच्चे पहुंच पाए। कुछ स्कूलों में बच्चों को जाने में काफी कठिनाइयों का उन्हें सामना करना पड़ा।
वे काफी ठंड से कांपते हुए किसी तरह विद्यालय पहुंचे और ठिठुरते रहे। उधर ठंड की वजह से लोग पूरे शरीर को गर्म कपड़ों से ढक कर जरूरी कार्यों से बाहर निकले। हाड़कंपाने वाली ठंड से लोग घरों में दुबके रहे। चाय पान की दूकानों पर भी लोग कम दिखे।