बलिया। रसड़ा क्षेत्र के एक राजकीय विद्यालय में कार्यरत सहायक अध्यापिका ने तीन लोगों पर रास्ते में कार रोककर अभद्रता करने, गला दबाने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है।
पीड़िता के अनुसार, 24 सितंबर को विद्यालय से घर लौटते समय मीरनगंज-रसड़ा मार्ग पर एक सफेद रंग की कार से उनकी कार को ओवरटेक कर रास्ता रोक दिया गया। मामले में पीड़िता ने 10 अक्तूबर को पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र देकर आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने और अपनी जान-माल की सुरक्षा की गुहार लगाई है।
मऊ जिले के सरायलखंसी थाना क्षेत्र निवासी सहायक अध्यापिका की शिकायत के मुताबिक 24 सितंबर की शाम विद्यालय से घर लौटते समय एक सफेद रंग की कार सवार लोगों ने उनकी कार के पीछे बार-बार हॉर्न बजाया। इसके बाद ओवरटेक कर कार के आगे गाड़ी खड़ी कर दी। आरोप है कि वाहन से उतरे लोगों ने अश्लील इशारे किए और मेरी कार की चाबी निकाल ली। इसके बाद संतोष पांडेय ने कार का दरवाजा खोल दिया। शिकायत में विपिन पांडेय, संतोष पांडेय और संदीप मिश्रा पर मारपीट व छेड़छाड़ करने का आरोप लगाया गया है।
पीड़िता का आरोप है कि आरोपियों ने मेरे हाथ पकड़ लिए और जबरदस्ती करते हुए कमीज फाड़ दी। विरोध करने पर मुंह बंद कर दिया और बाल पकड़कर कार से बाहर खींचकर अपने वाहन में ले जाने की कोशिश की। इसी दौरान गला दबाने और सिर को कार की सीट के हेडरेस्ट पर पटकने का भी आरोप है। पीड़िता के मुताबिक, पीछे से ट्रैक्टर आने की आवाज सुनाई देने पर आरोपी वहां से चले गए। जाते समय पुलिस को बताने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी भी दी।
शिकायत में यह भी कहा गया है कि इससे पहले एक जुलाई को भी कुछ लोगों पर रेकी करने का आरोप लगाते हुए रसड़ा थाना प्रभारी और क्षेत्राधिकारी को प्रार्थना पत्र दिया गया था, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। पीड़िता ने घटना का वीडियो होने की बात भी कही है। उन्होंने पुलिस अधीक्षक से मामले में कार्रवाई कर सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग की है।
रसड़ा कोतवाल सुशील कुमार ने बताया की न्यायालय के आदेश पर आरोपियों पर प्राथमिकी दर्ज कर करवाई की जा रही है।