बलिया। शहर की यातायात व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए प्रशासन की योजना परवाना नहीं चढ़ पा रही है। शहर के चौराहे अब स्मार्ट सिटी की तरह नजर आए, इसके लिए 10 चौराहों पर ट्रैफिक सिग्नल के साथ बड़ी एलईडी स्क्रीन, ट्रैफिक सिग्नल लाइट, पी एस सिस्टम, उन्नत कैमरा से लैस करने की योजना थी। इसके लिए तीन महीने पहले तीन करोड़ की धनराशि भी जारी हो गई है लेकिन चौराहों के सुंदरीकरण के काम कराए जाने के कारण अभी तक यह योजना परवान नहीं चढ़ सकी है।
शहर को जाम से निजात दिलाने के लिए प्रशासन ने योजना बनाई थी, जिस पर परिवहन निगम की तरफ से तीन महीने पहले 3 करोड़ का बजट जारी किया गया है। उम्मीद जताई जा रही है कि योजना का क्रियान्वयन से शहर को जाम से मुक्ति मिलेगी। वहीं, आम जनता को भी राहत मिलेगी। शहर के चौराहों पर प्रतिदिन जाम से लोगों को जूझना पड़ रहा है। पुलिस को जाम से निजात दिलाने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ती है। कई बार तो लोग तीन से चार घंटे तक जाम में फंसे रहते हैं। इसमें स्कूली बच्चे भी फंस जाते हैं।
इन प्रमुख चौराहों पर लगाए जाने की योजना
महानगरों की तरफ से स्मार्ट सिटी की तर्ज पर नगर पालिका बलिया में प्रमुख 10 चौराहों को बड़ी एलईडी स्क्रीन, ट्रैफिक सिग्नल लाइट, पीएस सिस्टम, उन्नत कैमरा से लैस करने के लिए चयन किया गया है। इसमें टीडी कॉलेज चौराहा, कुंवर सिंह चौराहा, एनसीसी तिराहा, बस स्टैंड तिराहा, चित्तू पांडेय तिराहा, रेलवे स्टेशन के सामने, शहीद चौक पार्क, हनुमानगढ़ी, कदम चौराहा, जगदीशपुर चौराहा शामिल हैं।
टाउनहाल में बनेगा कंट्रोल रूम
शहर के यातायात व्यवस्था के संचालन व उस पर नजर रखने के लिए टाउन हाल में कंट्रोल रूम बनाया जाएगा, जिससे शहर की हर गतिविधि पर नजर रखी जा सके। कंंट्रोल रूम से ही ट्रैफिक व्यवस्था को संचालित किया जाएगा।
शहर के चौराहों पर सुंदर व आकर्षक बनाए जाने की योजना पर काम चल रहा है। जाम से मुक्ति दिलाने के लिए चौराहों पर जल्द ही ट्रैफिक सिग्नल एवं एलईडी स्क्रीन लगाए जाएंगे। इसकी कवायद तेज हो गई है। इसके लिए धनराशि उपलब्ध हो गई है। - त्रिभुवन, मुख्य राजस्व अधिकारी।