मझौवां। गंगा नदी के किनारे बसे चक्की नौरंगा में बृहस्पतिवार को डीएम के निरीक्षण करके वापस लौटने के बाद देर शाम अचानक कटान शुरू हो गई। शुक्रवार को लगभग 25 एकड़ जमीन गंगा में समा गई।
रामगढ़ में एनएच-31 को बचाने के लिए 27.500 किमी से 27.950 किमी के बीच हुए कार्य गंगा की लहरों में समा गए। क्षेत्र के सुघर छपरा, दूबे छपरा, गोपालपुर, उदयी छपरा आदि तटवर्ती गांव की उपजाऊ जमीन को गंगा नदी काटकर अपनी आगोश में ले रही है। नदी के पलटप्रवाह से उदयी छपरा से लेकर बुधनचक के बीच उपजाऊ जमीन नदी में समा रही है। केंद्रीय जल आयोग गायघाट गेज के अनुसार शुक्रवार की शाम 4 बजे गंगा नदी का जलस्तर 58.480 मीटर दर्ज किया गया।
दया छपरा: ग्राम पंचायत गोपालपुर के उदयी छपरा डीह बाबा स्थान के समीप से गंगा का पानी बढ़ते हुए अनुसूचित बस्ती की समीप पहंुच गया है। लगभग 20 बीघा परवल की खेती पानी में डूब गई। बाढ़ विभाग के एक्सईएन संजय कुमार मिश्र ने बताया कि गया था। बलिया।
नगर के वार्ड नंबर 11 गायत्री काॅलोनी बाढ़ के पानी से चारों तरफ घिर गई है। काॅलोनी में रहने वाले लोग अपने सामान सुरक्षित करने में जुट गए है। पानी कालोनी में मुख्य मार्ग पर घुटने तक बह रहा है। संवाद