सैयद सालार मसऊद गाजी की दरगाह पर रविवार को पहली चौथी पर जायरीन का सैलाब उमड़ पड़ा। गाजी सरकार की शान में पढ़े जाने वाले कसीदों से मेला परिसर गूंजता रहा। अकीदतमंदों ने मजार शरीफ पर चादरपोशी करते हुए निशान पेश किए। पूरे दिन जियारत व मन्नतों का दौर चला। इस दौरान चित्तौरा झील के तट पर स्नान करने के लिए जायरीन की भीड़ जुटी रही।
सैयद सालार मसऊद गाजी की दरगाह पर जेठ मेला एक माह तक चलता है। दरगाह शरीफ पर मुख्य मेले के अलावा प्रति सप्ताह चार चौथी का भी आयोजन होता है, जिसमें जियारत के लिए विभिन्न प्रांतों के लोग आते हैं। उसी के तहत रविवार को पहली चौथी का आयोजन हुआ। भोर से देर रात तक जंजीरी गेट चूमते हुए नाल दरवाजा होकर जायरीन ने मजार शरीफ पर पहुंचकर हाजिरी लगाई।
गाजी की शान में कसीदे व कव्वाली पढ़ते हुए परंपरागत तरीके से चादरपोशी की गई। मजार शरीफ पर निशान पेश करने के लिए दरगाह के पूर्वी गेट पर जायरीन का तांता लगा रहा। इस दौरान गाजी की मजार पर हाजिरी लगाते हुए जायरीन ने अमनो-अमान की दुआएं कीं। दरगाह प्रबंध समिति के अध्यक्ष शमशाद अहमद ने बताया कि लगभग पांच लाख जायरीन ने रविवार को जियारत की।
उधर, चित्तौरा झील के तट पर पहली चौथी में शामिल होने के लिए जायरीन जत्थों में पहुंचते रहे। झील में स्नान करने के लिए भी होड़ लगी रही। उधर, पहली चौथी पर उमड़ी जायरीन की भीड़ में सुरक्षा के बावजूद उचक्के सक्रिय रहे। जंजीरी गेट, निशान गेट, नाल दरवाजा और मनोरंजन स्थलों पर कई लोगों की जेब साफ हुई।
पहली चौथी पर जियारत करने आए जायरीन ने गाजी की मजार पर हाजिरी लगाने के बाद मेले में जमकर खरीदारी भी की। इसके चलते रेडीमेड कपड़े, चीनी मिट्टी, कांच के बर्तन, ढोलक, कालीन और मिठाइयों की दुकानों पर भीड़ उमड़ती रही। मनोरंजन के साधनों का भी मेलार्थियों ने लुत्फ उठाया।
दरगाह शरीफ के जेठ मेले में मनोरंजन के लिए मौत के कुएं के शो में एक कलाकार के हादसे में मौत की खबर से रविवार को प्रशासन हलाकान रहा। किसी शरारती तत्व ने बाहर का वीडीओ वायरल कर दिया, जिसमें बाइक सवार मौत के कुएं की दीवार पर कार से टकराता दिख रहा है। काफी देर बाद प्रशासन को पता चला कि यह हादसा गुजरात में हुआ है। दरगाह प्रबंध समिति के सदस्य बच्चेभारती ने कहा कि बेवजह अफवाहें फैलाई जा रही हैं।