सहायक श्रम आयुक्त को पत्र सौंपते श्रमिक संगठन के प्रतिनिधि। - स्रोत : स्वयं
बहराइच। शहर के बशीरगंज मोहल्ला स्थित मैरिज लॉन में मंगलवार शाम भवन निर्माण के दौरान ढही शटरिंग की चपेट में आकर गंभीर रूप से घायल हुए श्रमिक झुलसे पुत्र मेवालाल की बुधवार को लखनऊ में उपचार के दौरान मौत हो गई। श्रावस्ती जिले के मल्हीपुर क्षेत्र अंतर्गत पैतृक संगमपुरवा गांव में अंतिम संस्कार कर दिया गया।
श्रमिक संगठन से जुड़े प्रतिनिधि योगेंद्र मणि ने सहायक श्रमायुक्त सिद्धार्थ मोदियानी से मुलाकात कर श्रमिक झुलसे पुत्र मेवालाल के परिजनों को अहेतुक सहायता उपलब्ध कराने की मांग की। सहायक श्रमायुक्त ने बताया कि यदि श्रमिक का यूपी के किसी भी जिले के श्रम विभाग में पंजीकरण होगा, तो उसके परिवार को विभाग की ओर से पांच लाख रुपये प्रदान किए जाएंगे। यदि पंजीकरण नहीं है, तो चूंकि उसकी मौत मजदूरी करते समय हुई है, इसलिए उसे एक लाख रुपये दिए जाने का प्रावधान है।
दूसरी तरफ कोतवाली नगर के प्रभारी प्रदीप सिंह का कहना है कि यदि परिवार के लोग तहरीर देंगे, तो एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।
संगमपुरवा गांव के प्रधान लाल बहादुर यादव ने बताया कि मृतक मजदूर के परिवार में माता-पिता और भाई के अतिरिक्त उसकी पत्नी और एक साल का बेटा है।