मुकदमों के खिलाफ कानूनी लड़ाई लड़ी जाएगी
उन्होंने कहा कि अगले एक महीने पार्टी कार्यकर्ता सभी जिलों के जर्जर स्कूलों, टॉयलेट, बाउंड्री और मिड-डे मील की समस्याओं की लिखित शिकायत बीएसए, शिक्षा निदेशक और मुख्यमंत्री कार्यालय को देंगे। यदि एक महीने में निर्माण और सुधार कार्य शुरू नहीं हुआ, तो दोबारा जमीनी स्तर पर जाकर सरकार की पोल खोलेंगे। वहीं जिन पार्टी कार्यकर्ताओं के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है, पार्टी उसकी लड़ाई लड़ेगी। आगे अधिकारियों के खिलाफ भी एफआईआर कराएंगे।
उन्होंने बताया कि प्रदेश में स्कूलों की बदहाली, मिड-डे मील में भ्रष्टाचार और केंद्र से मिले फंड को खर्च न करने के मामले को संसद की याचिका समिति से जांच कराने की मांग की गई है। याचिका समिति को पूरे प्रदेश में स्कूलों की बदहाली के संबंध में जानकारी दी जाएगी।
संजय सिंह ने कहा कि सरकार चुनाव नजदीक आते ही 1 लाख नौकरियों का दावा कर रही है, जबकि बेसिक शिक्षा विभाग में ही 2 लाख से अधिक शिक्षकों के पद खाली हैं। उन्होंने 69000 शिक्षक भर्ती अभ्यर्थियों की लड़ाई सड़क से संसद तक लड़ने की बात कही।