बहराइच। मई की तपिश अब लोगों पर भारी पड़ने लगी है। बुधवार को जिले का अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 26.2 डिग्री दर्ज किया गया। सुबह से ही तेज धूप और उमस भरी गर्मी ने लोगों को बेहाल कर दिया। दोपहर होते-होते गर्म हवा और झुलसाती धूप के कारण सड़कों पर सन्नाटा पसर गया। जरूरी काम से बाहर निकले लोग सिर और चेहरे को कपड़ों से ढककर चलते नजर आए।
भीषण गर्मी का असर सबसे अधिक दिहाड़ी मजदूरों, रिक्शा चालकों और राहगीरों पर दिखाई दिया। शहर के घंटाघर, रोडवेज, चांदमारी और अस्पताल चौराहे जैसे व्यस्त इलाकों में दोपहर के समय सामान्य दिनों की तुलना में कम भीड़ दिखाई दी। ठंडे पेय, गन्ने का रस, शिकंजी और नारियल पानी की दुकानों पर लोगों की भीड़ लगी रही।
शहर निवासी रामनरेश गुप्ता ने बताया कि दोपहर में बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। गर्म हवा सीधे शरीर को झुलसा रही है। वहीं रिक्शा चालक शरीफ अहमद ने कहा कि धूप में काम करना मजबूरी है, लेकिन तेज गर्मी के कारण चक्कर जैसा महसूस होने लगता है।
मौसम विशेषज्ञ डॉ. पीएल त्रिपाठी ने बताया कि फिलहाल अगले एक सप्ताह तक गर्मी से राहत मिलने के संकेत नहीं हैं। तापमान में और बढ़ोतरी हो सकती है। उन्होंने कहा कि पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय न होने के कारण मौसम शुष्क बना हुआ है और लू जैसे हालात बने रहेंगे।
लू से बचने के लिए रखें सावधानी
दोपहर 12 से 3 बजे तक धूप में निकलने से बचें
अधिक मात्रा में पानी और तरल पदार्थ लें
सिर और चेहरे को कपड़े से ढककर बाहर निकलें
खाली पेट घर से बाहर न जाएं
बच्चों और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें