रुपईडीहा। भारत-नेपाल सीमा क्षेत्र के यात्रियों के लिए बड़ी रेल कनेक्टिविटी की उम्मीद फिर जगी है। बहराइच के सांसद डॉ. आनंद कुमार गोंड की मांग पर रेल मंत्रालय ने प्रयागराज संगम-मनकापुर के बीच चल रही सरयू एक्सप्रेस समेत अन्य ट्रेनों का विस्तार नेपालगंज रोड (रुपईडीहा) तक करने के प्रस्ताव का परीक्षण शुरू कराया है।
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने सांसद को भेजे जवाब में कहा है कि उनके सुझावों की जांच कराई जा रही है और परीक्षण के बाद प्रस्ताव पर उचित निर्णय लिया जाएगा। रेलवे का यह परीक्षण सफल रहा तो बहराइच, नानपारा, रुपईडीहा और आसपास के सीमावर्ती क्षेत्र के यात्रियों को प्रयागराज, अयोध्या, सुल्तानपुर और प्रतापगढ़ की ओर सीधे रेल संपर्क मिलने का रास्ता खुल सकता है।
सांसद ने 28 जुलाई को रेल मंत्री को पत्र भेजकर सीमावर्ती क्षेत्र में रेल सुविधाओं के विस्तार की मांग की थी। इसके जवाब में रेल मंत्रालय की ओर से उन्हें पत्र भेजकर प्रस्तावों के परीक्षण की जानकारी दी गई है। सांसद की प्रमुख मांग प्रयागराज संगम-मनकापुर सरयू एक्सप्रेस संख्या 14233/14234 को मनकापुर से आगे बढ़ाकर नेपालगंज रोड तक चलाने की है।
वर्तमान में सरयू एक्सप्रेस प्रयागराज संगम से चलकर प्रयाग, फाफामऊ, प्रतापगढ़, सुल्तानपुर, अयोध्या कैंट, अयोध्या धाम होते हुए मनकापुर तक जाती है। नेपालगंज रोड तक विस्तार होने पर सीमा क्षेत्र के यात्रियों को प्रयागराज जैसे बड़े धार्मिक और शैक्षिक केंद्र तक पहुंचने के लिए अतिरिक्त रेल बदलने की जरूरत कम होगी।
इन ट्रेनों के विस्तार की भी मांग
सांसद ने सरयू एक्सप्रेस के अलावा गोरखपुर-बहराइच, वाराणसी-बहराइच इंटरसिटी और गोंडा-बहराइच मेमू को भी नेपालगंज रोड तक बढ़ाने की मांग की है। इसके साथ ही नेपालगंज रोड से बहराइच होकर लखनऊ, कानपुर, नई दिल्ली और मुंबई के लिए नई अमृत भारत ट्रेनें चलाने का प्रस्ताव भी रखा गया है।