विकासखंड नवाबगंज में स्थित बाबागंज।
बाबागंज (बहराइच)। नवाबगंज विकासखंड का मुख्यालय होने के बाद भी बाबागंज कस्बे में रोडवेज बसों का ठहराव नहीं है। इसके चलते बाबागंज कस्बे के यात्रियों को बाबागंज के बजाय रुपईडीहा तक का टिकट लेना पड़ता है और 17 रुपये अतिरिक्त देना पड़ता है। इससे स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है। ग्रामीणों ने जनप्रतिनिधि समेत आला अधिकारियों से बाबागंज कस्बे में बसों का ठहराव शुरू करने की मांग की है।
भारत-नेपाल सीमा स्थित रुपईडीहा कस्बे से प्रतिदिन तमाम बसें प्रदेश के विभिन्न जिलों को जाती हैं। यही नहीं यहां से हरिद्वार के लिए भी बसें निकलती हैं, लेकिन इन बसों का ठहराव बाबागंज कस्बे में नहीं है। इससे बाबागंज के यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बसों का ठहराव न होने से यात्रियों को पहले रुपईडीहा जाना पड़ता है और फिर बस पकड़नी पड़ती है। वहीं कोई बस चालक ने बस रोक भी दी तो यात्रियों का टिकट रुपईडीहा से बनाया जाता है। इसके चलते यात्रियों को 17 रुपये अतिरिक्त बिना किसी यात्रा के देने पड़ते हैं। भाजपा जिला कार्य समिति सदस्य देवेंद्र प्रसाद पाठक, मनोज कांत, रामकुमार शर्मा, बलवीर सिंह, दिनेश कुमार, अमित गुप्ता आदि ने बताया कि बाबागंज कस्बे व स्थानीय गांवों से प्रतिदिन हजारों यात्री विभिन्न जिलोंं व स्थानों की यात्रा करते हैं। बावजूद इसके यहां बसों का ठहराव न होना दुखद है। ग्रामीणों ने बताया कि बाबागंज कस्बे में बसों के ठहराव व रोडवेज बस स्टॉप के लिए सांसद बहराइच डॉ. आनंद गोंड व रोडवेज अधिकारी को पत्र लिखकर मांग की गई है।