बहराइच। दिन शनिवार। समय 11 बजे। स्थान किसान पीजी कॉलेज परिसर। घड़ी में टिक-टिक कर बढ़ती सुई व मैदान पर बढ़ती भीड़ गजब का तालमेल खा रही थी। घड़ी में सुई समय को बढ़ा रही थी और मैदान मेें लग रहे नारे लोगों का जोश बढ़ा रहे थे। मैदान भरा और नारा लगा जय श्री राम। यह मौका था सीएए के समर्थन में शांति मार्च का। बच्चे हों या बड़े, युवा हों या बुजुर्ग। सबके दिल में देशभक्ति का जज्बा भरा हुआ था। सभी के जुबान से जय श्रीराम के नारे निकल रहे थे।
आसमान में छाए बादल और चल रही पछुवा हवा के बीच शुरू हुआ नागरिकता संशोधन कानून के समर्थन में शांति मार्च। किसान पीजी कॉलेज से निकलते ही वंदे मातरम, भारत माता की जय, भ्रम हिंसा का क्या है काम, गांधी बापू का रखो मान। भारतीय की क्या है पहचान, सीएए का हो सम्मान। विस्थापितों का रखेंगे मान, परिवार है एक हिंदुस्तान। भारतीय जनता पार्टी, जिंदाबाद-जिंदाबाद। भारत माता की जय व जय श्रीराम के नारे से मार्च शुरू हुआ।
देशभक्ति के जज्बे में डूबे लोग व आसमान में लहराता तिरंगा देख कर हर कोई अपने आप को जय श्रीराम के नारे लगाने से रोक नहीं पा रहा था। रोडवेज बस पर बैठे यात्री हों या फिर छत पर खड़ा परिवार। हर कोई तिरंगा को शान से लहराता देख कर जय श्रीराम का नारा लगा कर शांति मार्च में चल रहे लोगों के जज्बे को बढ़ा रहा था। नजारा ऐसा दिख रहा था कि हर कोई उसे अपने कैमरे में कैद करने को बेताब था। डीएम चौराहे से होता हुआ एसपी ऑफिस के सामने होकर शांति मार्च नगर पालिका परिसर में पहुंचा। जहां पर सब लोग एक साथ मिलकर जय श्री राम के नारे लगाकर अपनी-अपनी कुर्सियों पर बैठ गए। नगर पालिका में शांति मार्च जनसभा में बदल गया और यहां पर कई वक्ताओं ने अपने विचार रखे।
ब्लॉक किए गए कई रास्ते
शहर में शांति मार्च निकलने के दौरान केडीसी, बीएसएनएल ऑफिस, डीएम चौराहा व पानी टंकी चौराहा पर हर रास्ते को ब्लॉक कर दिया गया था। जिससे बड़े वाहन कतार में लगे रहे और छोटे वाहन गली के अंदर से होकर दूसरे रास्ते से अपने गंतव्य को रवाना हुए।
चेन बनाकर भीड़ को रोकते रहे कार्यकर्ता
शांति मार्च में अधिक भीड़ होने से कार्यकर्ता व लोग बेतरतीब न चलें, इसके लिए कार्यकर्ताओं ने ही आठ लोगों की टोली बनाई और एक-दूसरे का हाथ पकड़कर चेन बनाकर लोगों को रोकते रहे, जिससे अफरा-तफरी का माहौल नहीं हुआ।
सादी वर्दी में भी मौजूद रही पुलिस, बनाती रही वीडियो
किसान पीजी कॉलेज परिसर में लोगों के एकत्र होते ही वहां पर पुलिस तो तैनात रही, लेकिन कई महिला व पुरुष पुलिसकर्मी सादी वर्दी में तैनात रहे और कार्यकर्ताओं समेत अन्य लोगों के नारे लगाते समय वीडियो बनाकर अपने मोबाइल में कैद करते रहे। शांति मार्च को लेकर पुलिस महकमा अलर्ट रहा। सुरक्षा के मद्देनजर नगर कोतवाली, देहात कोतवाली, दरगाह, बौंडी, कैसरगंज, सुजौली समेत 15 थानों के पुलिस फोर्स तैनात रही। इस दौरान एलआईयू टीम भी सक्रिय नजर आई।