बहराइच/पयागपुर। जिले में शुक्रवार को रातभर गरज-चमक के साथ रुक-रुककर हुई बारिश से मौसम सुहावना हो गया और अधिकतम तापमान गिरकर 33 तथा न्यूनतम 26 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। हालांकि बारिश के साथ ही शहर के कई इलाकों की बिजली आपूर्ति घंटों ठप रही। लालपुर गांव में कच्चा मकान ढहने, बाजारों में जलभराव और स्कूलों तक पहुंचने में बच्चों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
शुक्रवार रात 11 बजे बारिश शुरू होते ही शहर के चांदपुरा, बक्सीपुरा, सिविल लाइन, घसियारीपुरा और नई बस्ती समेत कई मोहल्लों की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। भोर में बारिश थमने के बाद दिनभर बादलों की आवाजाही बनी रही, लेकिन धूप निकलने से उमस फिर बढ़ गई। उधर महसी, नानपारा, पयागपुर और मटेरा क्षेत्र में दोपहर तक तेज बारिश का दौर जारी रहा।
पयागपुर विकासखंड के लालपुर गांव में फत्तेमोहम्मद का जर्जर कच्चा मकान शनिवार गुबह बारिश के दौरान भरभराकर ढह गया। परिवार ने किसी तरह भागकर जान बचाई, लेकिन अब खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर है। पीड़ित ने बताया कि सूचना देने के बावजूद कोई राजस्व अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा था। परिवार ने प्लास्टिक की तिरपाल डालकर अस्थायी आश्रय बनाया है।
मटेरा बाजार की सड़क बनी तालाब
मटेरा कस्बे में जल निकासी की व्यवस्था ध्वस्त होने से मुख्य बाजार तालाब में तब्दील हो गया। दुकानों के सामने पानी भरने से व्यापार प्रभावित रहा और लोगों को आवागमन में भारी परेशानी उठानी पड़ी। व्यापारियों का कहना है कि हल्की बारिश में भी यही स्थिति बन जाती है, लेकिन स्थायी समाधान नहीं किया गया।
-
जलभराव और कीचड़ में स्कूल जाने को मजबूर बच्चे
नवाबगंज विकासखंड की ग्राम पंचायत मिर्जापुर चहलवा के मजरा रग्घुपुरवा स्थित प्राथमिक विद्यालय के रास्ते में जलभराव से छात्र-छात्राओं को पानी और कीचड़ के बीच होकर स्कूल जाना पड़ा। ग्रामीणों ने बताया कि नालियों की नियमित सफाई न होने और जलनिकासी की व्यवस्था खराब होने से हर बारिश में यही हाल रहता है। उन्होंने प्रशासन से तत्काल जलनिकासी की व्यवस्था कराने की मांग की है।