बहराइच। महिला के एक परिवाद के मामले में पूर्व कांग्रेस सांसद को जारी एनबीडब्ल्यू वारंट में सोमवार को सत्र न्यायाधीश की कोर्ट ने अंतरिम जमानत दे दी है। जमानत मिलने के बाद पूर्व सांसद ने कहा कि यह सत्य की जीत है, उन्हें न्याय के मंदिर पर पूरा भरोसा था।
शहर के मेवातीपुरा निवासी महिला जय गुप्ता ने जिले के पूर्व कांग्रेस सांसद कमल किशोर कमांडो पर 31 लाख के धोखाधड़ी का आरोप लगाते हुए एसीजेएम की कोर्ट पर एक परिवाद दायर किया था। मामले में कोर्ट ने अभी हाल ही में एनबीडब्ल्यू जारी किया था। पूर्व सांसद ने हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच में अग्रिम जमानत के लिए याचिका दायर की थी, लेकिन बेंच ने पूर्व सांसद को जिले की एसीजेएम कोर्ट से जमानत कराने का आदेश दिया था। सोमवार को पूर्व सांसद ने प्रभारी एसीजेएम की कोर्ट में जमानत के लिए आवेदन किया था। वहां जमानत याचिका निरस्त कर दी गई थी। इसके बाद पूर्व सांसद ने राहत पाने के लिए सत्र न्यायाधीश की कोर्ट में जमानत के लिए प्रार्थनापत्र दाखिल किया था। सत्र न्यायाधीश ने पूर्व सांसद के प्रार्थनापत्र को स्वीकार करते हुए दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद पूर्व सांसद को मुकदमे में राहत दे देते हुए अंतरिम जमानत दे दी है।
न्याय के मंदिर पर था पूरा भरोसा
अंतरिम जमानत मिलने के बाद पूर्व सांसद कमल किशोर ने अमर उजाला से बात करते हुए बताया कि उनको न्याय के मंदिर पर पूरा भरोसा था। अखिरकार सत्य की जीत हुई है। पूर्व सांसद ने बताया कि उन पर जो आरोप लगाए गए हैं, वे पूरी तरह निराधार हैं। उन्होंने बताया कि आरोप लगाने वाली महिला के पति शैलेंद्र गुप्ता एक समय उनके चुनाव एजेंट हुआ करते थे। एजेंट होने के चलते उनको सभी प्रकार के कैश का आदान-प्रदान करने की छूट थी। पूर्व सांसद ने बताया कि शीघ्र ही साजिश का पर्दाफाश हो जाएगा।