मिहींपुरवा (बहराइच)। कतर्नियाघाट वन्य जीव प्रभाग से सटे ग्रामीण क्षेत्रों में बिना परमिट के धड़ल्ले से हरे पेड़ों पर आरा चल रहा है। वहीं इन पर रोक लगाने वाले जिम्मेदारों पर भी शह देने का आरोप लग रहा है। ऐसा ही एक वीडियो वायरल होने के बाद डीएफओ ने एक वन रक्षक को निलंबित कर दिया है। वायरल वीडियो अमर उजाला के पास भी है, लेकिन अमर उजाला इसकी पुष्टि नहीं करता है।
कतर्नियाघाट वन्यजीव प्रभाग से सटे मोतीपुर थाना क्षेत्र के ग्राम एंचुआ में एक ग्रामीण के खेत में लगे सागवन व खैर के लगभग 50 से अधिक पेड़ों को ठेकेदारों ने कटवा दिया था। वन विभाग से बिना परमिट लिए काटे गए इन पेड़ों को लेकर शिकायत की गई थी। साथ ही कटान का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। इसके बाद वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची थी और जांच पड़ताल के बाद ठेकेदार को बुलाया गया था। इसके बाद वन कर्मी का भी एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। इसमें केस दर्ज करवाने व जुर्माने के एवज में धनराशि मांगी जा रही थी। वीडियो वायरल होने के बाद कतर्नियाघाट के डीएफओ बी. शिवशंकर ने बीट प्रभारी वन रक्षक मालिकराम को निलंबित कर दिया। निलंबन के बाद से वन विभाग में हडकंप है।
अवैध कटान की जांच मैंने स्वयं की थी। इसमें बीट प्रभारी मालिक राम दोषी मिले हैं। जिन्हें निलंबित कर दिया गया है। वायरल वीडियो में लगाए गए आरोप निराधार हैं। -बी. शिवशंकर, डीएफओ