कतर्नियाघाट के भरथापुर में हाथी के उत्पात में छप्पर क्षतिग्रस्त होने के बाद जमा लोग।
मिहींपुरवा (बहराइच)। कतर्नियाघाट के भरथापुर गांव में बृहस्पतिवार एक टस्कर हाथी गांव में घुस आया। यहां उसने जमकर उत्पात मचाते हुए तीन फूस के मकानों को तहस- नहस करते हुए अनाज व सामान भी नुकसान कर दिया। ग्रामीण किसी तरह हाथी को जंगल की ओर भगाने में सफल हो पाए।
कतर्नियाघाट वन क्षेत्र के ग्राम पंचायत भरथापुर में रात दो बजे एक जंगली टस्कर हाथी गांव में घुस गया। यहां उसने मिश्रीलाल, कलावती व विनोद कुमार के घर पर धावा बोल दिया। फूस के बने उनके मकानों को उत्पात मचा कर तहस-नहस कर दिया। इस दौरान घर में रखा गृहस्थी का सारा सामान तोड़ डाला। घर में रखा अनाज खा गया।
लोगों ने भाग कर किसी तरह अपनी जान बचाई। लोगों के शोर मचाने और खर फूस व टार्च जलाने के बाद भी हाथी उत्पात मचता रहा। तब तक गांव के लोग भी काफी संख्या में इकट्ठा हो गए हल्ला मचाना शुरू किया। घर का सारा अनाज खाने के बाद हाथी जंगल की तरफ चला गया। ग्रामीणों ने इसकी सूचना पुलिस और वन विभाग को दी।
वहीं, ग्रामीणों को कहना है कि हाथी गांव के लिए मुसीबत बन गए है। रात को करीब एक घंटे तक हाथी उत्पात करता रहा। घर का अनाज खाने के बाद वह वापस गया। ग्रामीणों की सूचना पर वन विभाग टीम के साथ आए वन रक्षक योगेश सिंह ने घटना की जांच करते हुए नुकसान का आकलन कर रिपोर्ट रेंज कार्यालय को भेजा है जबकि डीएफओ बी शिवशंकर ने बताया कि वन विभाग की टीम ने हाथियों को जंगल की तरफ खदेड़ के दिया है।