बहराइच। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में फर्जी मतदान को लेकर जिले के अलग-अलग थाना क्षेत्रों में जमकर मारपीट व पथराव हुआ। संकल्पा मतदान केंद्र पर फर्जी मतदान का विरोध करने पर दो प्रत्याशियों के समर्थक आपस में भिड़ गए और दोनों के बीच जमकर पथराव हुआ। लगभग आधे घंटे तक पथराव चलता रहा। पुलिस के पहुंचने के बाद सब भाग खड़े हुए। पथराव में लगभग 11 लोगों को चोटें आई। वहीं पचलखी में फर्जी मतदान का विरोध करने पर कोतवाल के सामने मारपीट हो गया। जिसमें एक युवक घायल हो गया। घायल की तहरीर पर प्रधान प्रत्याशी के पति समेत तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
खैरीघाट थाना क्षेत्र में संकल्पा मतदान केंद्र पर सुबह से मतदान चल रहा था। लोग वोट डालने के लिए कतार में खड़े होकर अपनी बारी का इंतजार कर रहे थे। इसी दौरान अचानक फर्जी मतदान कराने की बात को लेकर कहासुनी शुरू हो गई। दो प्रत्याशियों के समर्थकों के बीच धक्का-मुक्की होते हुए दोनों पक्ष मतदान केंद्र के बाहर आ गए और दोनों पक्षों में मारपीट होने लगी। इसी दौरान समर्थकों ने पथराव शुरू कर दिया। जब तक लोग कुछ समझ पाते, तब तक दोनों तरफ से जमकर पथराव होता रहा।
दोनों पक्षों में लगभग 11 लोग चोटिल हो गए। बढ़ते पथराव की सूचना पर पुलिस पहुंची तो सब भाग खड़े हुए। मतदान केंद्र के बाहर हुए पथराव का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। खैरीघाट थानाध्यक्ष विमलेश सिंह मामले को दबाते हुए बताया कि लाइन में खड़े होने को लेकर विवाद हुआ था। उसी में कुछ लोगों ने पत्थर चला दिया होगा। पुलिस फोर्स पहुँचने पर सब भाग खड़े हुए। इस प्रकरण में कोई मुकदमा नही दर्ज हुआ है। वहीं कैसरगंज कोतवाली क्षेत्र के पचलखी मतदान केंद्र पर फर्जी वोट डालने को लेकर दो पक्ष आपस में भिड़ गए।
दोनों पक्षों में जमकर मारपीट हुई। जिसमें पंकज सिंह को चोटें आ गईं। बताया जाता है कि पूरा मारपीट कैसरगंज कोतवाल संजय गुप्ता के सामने हुआ और वह मूकदर्शक बने देखते रहे। आरोप है कि कोतवाल ने एक पक्ष की ही सुनकर मुकदमा दर्ज कर लिया। कोतवाल ने बताया कि चोटिल की तहरीर पर प्रधान प्रत्याशी के पति धर्मेंद्र सिंह समेत तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। अन्य आरोप निराधार है।