बहराइच। बीते कई दिनों से साधन सहकारी समितियों व इफको गोदामों पर डीएपी की किल्लत थी। बृहस्पतिवार को कई समितियों व इफको गोदामाें पर डीएपी का वितरण किया गया। डीएपी मिलने की सूचना पर समितियों पर भारी भीड़ जमा हुई।
इस समय गेहूं, सरसों आदि की बोआई का सिलसिला जारी है। ऊंचाई वाले किसानों ने गेहूं व सरसों की बोआई कर दी है सिर्फ निचले इलाके के किसानों की बोआई जारी है। ऐसे में दोनों ही प्रकार के किसानों को डीएपी की जरूरत है। बावजूद इसके सरकारी समितियों पर कुछ दिनों से डीएपी नहीं थी।
मंगलवार को डीएपी की 2600 मीट्रिक टन की खेप पहुंची थी। जिसे विभिन्न समितियों पर पहुंचा दिया गया और बृहस्पतिवार को वितरण हुआ। डीएपी पहुंचने की सूचना पर भारी संख्या में किसान केंद्रों पर उमड़े। बृहस्पतिवार को शहर के इफको गोदाम पर डीएपी लेने के लिए किसानों की लंबी लाइन देखने को मिली। लाइन में लगे किसान सुखदेव, धनीराम, घनश्याम, जुबेर, मोंगरे आदि ने बताया कि वह एक सप्ताह से खाद के लिए प्रयास कर रहे थे।
ओवररेटिंग पर होगी सख्त कार्रवाई
सरकारी समितियों व इफको केन्द्रों पर यूरिया प्रचुर मात्रा में है। डीएपी भी अधिकांश समितियों पर पहुंच गई है और लगातार जा रही है। किसान किसी भी असुविधा के लिए कार्यालय में शिकायत कर सकते हैं। निजी दुकानों पर 3500 मीट्रिक टन डीएपी, 4500 एमटी एनपीके उपलब्ध है। किसान यहां से भी खाद ले सकते हैं। अगर कहीं ओवररेटिंग होती मिली तो सख्त कार्रवाई की जाएगी।
- सतीश पांडेय, जिला कृषि अधिकारी