फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बच्चों को मिली किताब में तमाम गलतियां

Thu, 07 Sep 2017 10:17 PM IST
अमर उजाला/गोंडा
विज्ञापन
किताब में गलतियां - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
आधा सत्र बीतने के बाद परिषदीय विद्यालय के बच्चों को किताबें वितरित कर उनकी पढ़ाई शुरू कर दी गई है लेकिन पुस्तक में 26 की जगह 31 अक्षरों को गुरुजन पढ़ा रहे हैं। किताबों में एक नहीं, कई गलतियां की गईं जिससे नन्हें बच्चों की शुरुआती शिक्षा ही कटघरे में खड़ी हो गई है। इतना ही नहीं, कक्षा तीन का विषय कक्षा एक में डाल दिया गया और शब्दों का क्रम भी गड़बड़ किया गया है।  
विज्ञापन


बड़ी मशक्कत के बाद जिले के परिषदीय स्कूलों के करीब चार लाख बच्चों को किताबें मिली हैं वह भी आधा सत्र बीतने के बाद। लेकिन किताबों में इतनी गलतियां हैं जिन्हें पढ़कर बच्चों का अक्षर ज्ञान कहां पहुंचेगा इस पर न प्रकाशक ने, न ही शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने ध्यान दिया। अब गलतियों से भरमार पुस्तकों के सहारे बच्चे की शुरुआती शिक्षा जारी है। गुरुजन भी उन्हीं किताबों को पढ़ा रहे हैं। ऐसे में बच्चों के अक्षर ज्ञान सीखना यानि उनकी नींव में ही मट्ठा डालना है। 

हम शुरुआत करते हैं कक्षा एक में चलने वाली पुस्तक कलरव का। इसे इसी सत्र में बच्चों को उपलब्ध कराया गया है। इस पुस्तक के पेज नंबर 103 पर अंग्रेजी की 26 वर्णमाला की जगह 31 वर्णमाला लिखी है। इसमें लिखा है आई विल टीच यू एबीसी, इसमें ए से लेकर पी तक की वर्णमाला ठीक है, इसके क्यू अक्षर आना चाहिए लेकिन एल एम एन ओ पी वर्णमाला का दोहराव किया गया है।
विज्ञापन


इसके बाद क्यू से जेड तक के अक्षर लिखे गए हैं। यानि 26 की जगह 31 अक्षर दिए गए हैं। इसी पुस्तक में पेज 100 व 101 में भी वही गलती दोहरायी गई है। इसमें वर्णमाला के सामने वस्तुओं को दिखाया गया है जिसका क्रम क्यू आर एस टी के बाद एम एन ओ पी वर्णमाला लिखी गई है। यानि सब कुछ उलटा दिया गया है। इसी पुस्तक में राइम्स टू भी कक्षा तीन का विषय कक्षा एक की किताब में शामिल किया गया है। इसी तरह लेसन दो पेज 97 में भी गलतियों को दोहराया गया है।

एबीसी राइम्स कक्षा तीन में है उसी को कक्षा एक की कलरव के पेज 104 पर दिया गया है। यानि कक्षा एक में अक्षर ज्ञान प्राप्त करने वाले बच्चों को सीधे शब्दों का ज्ञान देने की गलती की गई है। पेज 98 व 99 में  भी भारी गलतियां की गई हैं जिन्हें बाल मन पर दबाव डाल कर पढ़ाया जा रहा है। ये कलरव पुस्तक वर्ष 2017-18 की है जिसे अभी जल्दी ही बच्चों को वितरित किया गया है। 
विज्ञापन


इनसेट 
परिषदीय व अन्य अनुदानित स्कूलों में नामांकित बच्चों की  संख्या- 358941 
प्राथमिक- 266634 
उच्च प्राथमिक- 92307 
परिषदीय स्कूलों में 
कक्षा-1, 2-100901 
कक्षा-3, 4, 5-160733 
कक्षा-6, 7, 8-67582 
 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें