फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

चंपाकली फिट, 26 से पर्यटकों को कराएगी भ्रमण

Thu, 21 Jan 2016 10:08 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो/बहराइच
विज्ञापन
विज्ञापन
बिछिया (बहराइच)। महावत राम प्रसाद और उसके सहयोगी पर हमला करने वाली चंपाकली पर पर्यटकों को भ्रमण कराने पर रोक लगा दी गई थी। दो दिन से महावत मोहर्रम अली चंपाकली की देखभाल कर रहे हैं।
विज्ञापन


वन विभाग के अधिकारियों की मानें तो चंपाकली अब पूरी तरह स्वस्थ है। 26 जनवरी से पर्यटकों को जंगल की सैर करा सकेगी।

कतर्नियाघाट रेंज में वन विभाग के पास हथिनी चंपाकली और जयमाला है। यह दोनों हाथी गिरिजापुरी सेंट्रल स्टेट फार्म में स्थित हौदे में रहती हैं।

दो दिन पूर्व पानी पिलाते समय हथिनी चंपाकली भड़क गई थी। उसने महावत रामप्रसाद और उसके सहयोगी नजाकत अली पर हमला कर लहूलुहान कर दिया था। दोनों का इलाज ट्रॉमा सेंटर में चल रहा है।

इस घटना के बाद हथिनी चंपाकली द्वारा पर्यटकों को भ्रमण कराने पर रोक लगा दी गई थी। चंपाकली के स्वास्थ्य परीक्षण के लिए लखनऊ चिड़ियाघर के चिकित्सक डॉ. उत्कर्ष शुक्ला से वन विभाग ने संपर्क साधा।
विज्ञापन


डॉ. शुक्ला ने पूरा घटनाक्रम सुनने के बाद चंपाकली के व्यवहार और लक्षण के आधार पर दवाइयां भेजी थीं। दवा निरंतर दी जा रही हैं।

वन क्षेत्राधिकारी गयादीन ने बताया कि डॉ. उत्कर्ष ने एक सप्ताह तक चंपाकली की सवारी पर रोक लगाई थी। दो दिन बीत चुके हैं। ऐसे में चार दिन बाद 26 जनवरी से पर्यटक चंपाकली पर भ्रमण कर सकेंगे।

उन्होंने कहा कि घटना के दूसरे दिन दोपहर बाद से चंपाकली की स्थिति ठीक देखकर महावत मोहर्रम अली को उसके देखभाल की जिम्मेदारी सौंपी गई। महावत ने बुधवार और गुरुवार को चंपाकली को जंगल की सैर कराई।

चारा खिलाने के साथ ही सामान भी लादा। उसकी स्थिति सामान्य देखकर महावत ने भी उसे पर्यटकों के भ्रमण के अनुकूल बताया है।

महावत के सहयोगी के व्यवहार से बिगड़ी थी चंपाकली

वन क्षेत्राधिकारी गयादीन ने बताया कि चंपाकली पूरी तरह स्वस्थ्य है। जांच की गई तो पता चला कि नजाकत अली का व्यवहार चंपाकली के प्रति कुछ रूखा था, जिसके चलते हथिनी आक्रोशित हुई थी।

फिलहाल वह पूरी तरह स्वस्थ है। पर्यटक उस पर सवारी कर सकते हैं। कुछ व्यवस्थाएं भी सुधारी जा रही हैं, जिससे भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों।

नहीं सुधरी पानी की व्यवस्था

चंपाकली के हमले के बावजूद वनाधिकारी अब तक व्यवस्था दुरुस्त नहीं कर सके हैं। दोनों हाथियों को प्रेशर हैंडपंप से ही पानी पिलाने की व्यवस्था निरंतर चल रही है। वन क्षेत्राधिकारी का कहना है कि शीघ्र ही बोरिंग कराकर पेयजल की व्यवस्था दुरुस्त करवाएंगे।
विज्ञापन


और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें