जिलाधिकारी अजयदीप सिंह ने बीती शाम निर्माणाधीन ट्रॉमा सेंटर का निरीक्षण किया। इस दौरान ट्रॉमा सेंटर में खराब ईंटें लगी देख डीएम भड़क उठे। उन्होंने तत्काल खराब ईंटेें हटवाकर दूसरी ईंट लगाए जाने के निर्देश दिए। वहीं, जिला अस्पताल में बन रहे 300 बेड के अस्पताल में भी खामी मिलने पर डीएम ने नाराजगी जताई। इस दौरान प्रोजेक्ट मैनेजर को कड़ी फटकार भी लगाई।
बहराइच जनपद के चांदपुरा स्थित मलेरिया हॉस्पिटल में एक करोड़ 68 लाख रुपये की लागत से ट्रॉमा सेंटर का निर्माण किया जा रहा है। जिलाधिकारी अजयदीप सिंह शनिवार की शाम ट्रॉमा सेंटर का निरीक्षण करने पहुंचे थे।
ट्रॉमा सेंटर के निर्माण के लिए दो जगह ईंट के चट्टे लगे हुए थे। इसमें एक चट्टे में ईंटों की गुणवत्ता काफी खराब पायी गयी। जिस पर डीएम ने तत्काल दूसरी ईंटें मंगवाकर लगवाए जाने का निर्देश दिया। कार्यदायी संस्था के अभियंता को सप्ताह में दो बार निरीक्षण कर आख्या देने के भी निर्देश दिए। ट्रॉमा सेंटर के निरीक्षण के बाद जिलाधिकारी जिला अस्पताल पहुंचे। जिला अस्पताल परिसर में 300 बेड के अस्पताल का निर्माण 30 करोड़ रुपये की लागत से किया जा रहा है।
डीएम के निरीक्षण में बताया गया कि वर्तमान में मुख्य भवन में लिफ्ट लगाने का कार्य कराया जा रहा है। मौके पर उपस्थित परियोजना प्रबंधक हेमंत श्रीवास्तव लिफ्ट लगाने वाली कंपनी का नाम तक नहीं बता सके। जिस पर डीएम कड़ी नाराजगी जताई। भवन में विद्युत कनेक्शन न होने पर भी डीएम ने नाराजगी जतायी। डीएम ने परियोजना प्रबंधक को कड़ी फटकार लगाते हुए सभी कमियों को एक सप्ताह में पूरा कर उसकी रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए।