बहराइच। ग्राम पंचायत की विकास योजनाओं में घोटाला करने और उच्चाधिकारियों को जांच के लिए अभिलेख न देने पर हुक्मरानों ने कड़ा रुख अख्तियार किया है। जरवल ब्लॉक के दो ग्राम विकास अधिकारियों को निलंबित कर दिया गया है। दोनों को मुख्यालय से अटैच कर कैसरगंज के खंड विकास अधिकारी को जांच सौंप दी गई है।
जरवल के ग्राम विकास अधिकारी राजेश सेन व मांडवी वर्मा पर विकास योजनाओं में घोटाले का आरोप था। उच्चाधिकारियों के पास जब इसकी शिकायत पहुंची तो उन्होंने जांच टीम गठित कर दी। आरोपों की तस्दीक के लिए जब दोनों से विकास कार्यों के अभिलेख मांगे जाने लगे तो उन्होंने आनाकानी की और अभिलेख नहीं दिए। जिला विकास अधिकारी ने नोटिस जारी किया फिर भी दोनों ने अभिलेख प्रस्तुत नहीं किए। नाराज होकर जिला विकास अधिकारी ने दोनों को सस्पेंड कर दिया। साथ ही बीडीओ कैसरगंज को जांच सौंपी गई है।