कतर्नियाघाट (बहराइच)। आजमगढ़पुरवा गांव में जंगली हाथियों ने जमकर उत्पात मचाया। हाथियों के उत्पात से लगभग छह किसानों की 15 बीघा गेहूं की फसल बर्बाद हो गई। ग्रामीणों के हांका लगाने पर हाथियों का झुंड जंगल की ओर गया तो किसानों ने राहत की सांस ली। सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम ने नुकसान का आंकलन कर मुआवजा दिलाने का आश्वासन दिया है।
कतर्नियाघाट वन्यजीव प्रभाग के निशानगाड़ा रेंज में जंगल से सटे ग्रामसभा कारीकोट में पिछले कई दिनों से हाथियों का झुंड उत्पात मचाए है। शनिवार की भोर आजमगढ़पुरवा गांव में हाथियों का झुंड पहुंचा और जमकर उत्पात मचाया। बताया जाता है कि झुंड में लगभग 35 से 40 हाथी शामिल थे। जंगली हाथियों ने गांव निवासी सुरेश मौर्या की चार बीघा, रामअवतार व हरिवंश की तीन बीघा, मनोज कुमार व उमाशंकर की दो-दो व श्यामजीत की एक बीघा गेंहू की फसल खाकर पूरी तरह से नष्ट कर दिया।
गांव के लोगों ने एकत्र होकर हांका लगाया। ग्रामीणों के हांका लगाने के काफी देर बाद हाथियों का उत्पात थमा और वे जंगल की ओर चले गए। वहीं, फसलों की बर्बादी को देखकर किसानों में मायूसी छाई हुई है। सूचना के बाद रेंजर राधेश्याम, वन दरोगा मनोज पाठक व वन रक्षक राम आशीषपाल मौके पर पहुंचे। वन विभाग की टीम ने किसानों के नुकसान का आंकलन कर उन्हें मुआवजा दिलाने का भरोसा दिलाया।